
उज्जैन। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव रविवार को उज्जैन प्रवास के दौरान कोठी रोड पर आयोजित राहगीरी आनंद उत्सव में सम्मिलित हुए। उन्होंने दीप प्रज्ज्वलन कर कार्यक्रम का शुभारंभ किया और सनातन परंपरा के अनुसार शंखवादन कर देवताओं का आव्हान किया। कार्यक्रम के प्रारंभ में मध्य प्रदेश पुलिस, बीएसएफ और सीआरपीएफ के सशस्त्र जवानों ने संयुक्त रूप से मुख्यमंत्री को सलामी दी और बैंड प्रस्तुति दी।
राहगीरी में बच्चों, युवाओं, महिलाओं और वरिष्ठ नागरिकों की बड़ी भागीदारी देखने को मिली। योग, पारंपरिक खेल, सांस्कृतिक प्रस्तुतियों और सुबह के भ्रमण के साथ उज्जैन आनंद, उत्साह और उमंग की सांस्कृतिक राजधानी में परिवर्तित नजर आया। विभिन्न सांस्कृतिक मंचों पर संगीत, नृत्य, ढोल और पारंपरिक प्रस्तुतियों के माध्यम से मुख्यमंत्री का स्वागत किया गया। लगभग 70 से अधिक संस्थाओं ने अलग-अलग मंचों से स्वागत-अभिनंदन किया।
इसके पश्चात मुख्यमंत्री डॉ. यादव हामूखेड़ी स्थित शासकीय दृष्टि एवं श्रवण बाधितार्थ हायर सेकेंडरी विद्यालय में हर क्षमता को उड़ान कार्यक्रम में शामिल हुए। उन्होंने दिव्यांग बच्चों की प्रतिभा, आत्मबल और रचनात्मकता की सराहना करते हुए कहा कि सरकार विशेष बच्चों के आत्मविश्वास और क्षमताओं को बढ़ाने के लिए निरंतर कार्य कर रही है। मुख्यमंत्री ने छात्रों के साथ प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी के ‘मन की बात’ कार्यक्रम का श्रवण किया, विद्यालय परिसर का निरीक्षण किया और सांस्कृतिक प्रस्तुतियों का अवलोकन किया। मुख्यमंत्री ने स्वामीनारायण संस्था के ग्राम हासामपुरा स्थित शिव ज्ञान मोतीलाल नेत्र चिकित्सालय की तीसरी वर्षगांठ कार्यक्रम में भाग लेकर अस्पताल के सामाजिक कार्यों की सराहना की। उन्होंने कहा कि आयुष्मान भारत योजना और राज्य सरकार की स्वास्थ्य सुविधाएं आम नागरिकों के लिए जीवनदायिनी सिद्ध हो रही हैं। अपने दौरे के अंत में मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने उज्जैन-इंदौर रोड स्थित महालोक होटल एंड रिसॉर्ट का उद्घाटन किया। उन्होंने कहा कि श्री महाकाल महालोक के निर्माण के बाद उज्जैन धार्मिक पर्यटन का बड़ा केंद्र बन गया है, जिससे अर्थव्यवस्था मजबूत हुई है और नए रोजगार सृजित हो रहे हैं। सिंहस्थ 2028 को ध्यान में रखते हुए इंदौर-उज्जैन सिक्स लेन, मेट्रो कनेक्टिविटी और मेट्रोपॉलिटन सिटी जैसी योजनाओं पर कार्य किया जा रहा है। प्रेस क्लब मंच पर मुख्यमंत्री का स्वागत 101 किलो फूलों से बनी माला से किया गया, जहां पत्रकारों की उपस्थिति में नि:शुल्क केसरिया दूध और जलेबी का वितरण किया गया। कृषि विभाग द्वारा आयोजित प्रदर्शनी में मुख्यमंत्री ने कृषि यंत्रों का अवलोकन किया और श्रीअन्न से बने खाद्य पदार्थों की जानकारी ली। इस दौरान अध्यक्ष नंदलाल यादव कार्यकारी अध्यक्ष विशाल हाडा कोषाध्यक्ष भूपेंद्र भूतड़ा से लेकर सभी पत्रकार साथी मौजूद रहे।
बैलगाड़ी की सवारी की-हेलमेट बांट कर बताएं नियम
मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने किसानों के सम्मान में बैलगाड़ी की सवारी की और लोगों का अभिवादन स्वीकार किया। उन्होंने राहगीरी 2026 को किसानों को समर्पित करते हुए कार्यक्रम के समापन पर किसानों को शाल-श्रीफल देकर सम्मानित किया। संबोधन में उन्होंने कहा कि वर्ष 2028 में सिंहस्थ का आयोजन पूरे उत्साह, भारतीय संस्कृति और सनातन विरासत के साथ विश्व पटल पर नई पहचान स्थापित करेगा। उन्होंने कहा कि किसानों के हितों के संरक्षण के लिए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में सरकार प्रतिबद्ध है। राहगीरी के दौरान मुख्यमंत्री ने यातायात पुलिस के मंच से हेलमेट पहनाकर सडक़ सुरक्षा का संदेश दिया और बच्चों को उपहार वितरित किए। उन्होंने भजन गोविंद बोलो हरि गोपाल बोलो की प्रस्तुति भी दी। सम्राट विक्रमादित्य विश्वविद्यालय के मंच पर बालिकाओं द्वारा प्रस्तुत भारत माता की आरती की सराहना करते हुए मुख्यमंत्री ने भगवा ध्वज फहराया, ड्रम बजाया और कुश्ती मंच पर गदा लहराकर खिलाडिय़ों का उत्साहवर्धन किया।
