
भोपाल। कांग्रेस के वरिष्ठ नेता और मध्यप्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री दिग्विजय सिंह ने आज भोपाल में पत्रकारों से चर्चा करते हुए राजनीति को लेकर बड़ा ऐलान किया। उन्होंने साफ कहा कि वे अपने वर्तमान कार्यकाल की समाप्ति के बाद तीसरी बार राज्यसभा सदस्य नहीं बनेंगे। दिग्विजय सिंह का मौजूदा राज्यसभा कार्यकाल 9 अप्रैल 2026 को समाप्त हो रहा है और इसके बाद वे उच्च सदन की दौड़ से बाहर रहेंगे।
पत्रकारों से बातचीत में दिग्विजय सिंह ने कहा कि अब उनका पूरा फोकस मध्य प्रदेश की राजनीति पर रहेगा। उन्होंने स्पष्ट किया कि वे प्रदेश में कांग्रेस संगठन को मजबूत करने, कार्यकर्ताओं के साथ जमीन पर काम करने और आगामी चुनावों की तैयारी में सक्रिय भूमिका निभाना चाहते हैं। उनके अनुसार, राज्य की राजनीति में अभी उनकी अधिक जरूरत है और वे अपना अनुभव पार्टी के लिए यहीं लगाना चाहते हैं।
उन्होंने यह भी कहा कि राज्यसभा में रहते हुए उन्होंने राष्ट्रीय मुद्दों पर अपनी बात मजबूती से रखी, लेकिन अब समय आ गया है कि वे सीधे प्रदेश के राजनीतिक हालात और जनसमस्याओं पर ध्यान दें। दिग्विजय सिंह ने संकेत दिए कि आने वाले समय में वे पार्टी नेतृत्व के साथ मिलकर संगठनात्मक बैठकों, जनसंवाद और रणनीति निर्माण में जुटेंगे।
दिग्विजय सिंह के इस फैसले के बाद कांग्रेस में उनकी राज्यसभा सीट को लेकर राजनीतिक चर्चाएं तेज हो गई हैं। माना जा रहा है कि उनके हटने से पार्टी को नए नेतृत्व और सामाजिक संतुलन के आधार पर निर्णय लेने का अवसर मिलेगा। कुल मिलाकर, दिग्विजय सिंह का यह ऐलान मध्य प्रदेश की राजनीति में एक अहम मोड़ के तौर पर देखा जा रहा है, जिससे आने वाले दिनों में कांग्रेस की रणनीति और सक्रियता पर खास असर पड़ सकता है।
