
शुजालपुर। कृषि उपज मंडी समिति द्वारा संचालित सिटी स्थित फल सब्जी मंडी में दो दिवस पूर्व हुई किसान के साथ मारपीट के मामले ने तूल पकड़ लिया, इस मामले को लेकर जहां रविवार को अधिकारियों को ज्ञापन दिए गए, वहीं सोमवार को किसान संघ पदाधिकारियों व कार्यकर्ताओं ने सब्जी मंडी में धरना प्रदर्शन शुरू कर दिया. इस प्रदर्शन के चलते फल सब्जी मंडी में सोमवार को घोष विक्रय नहीं हो सका.
धरने पर बैठे किसान संघ के पदाधिकारियों को मनाने और समझाने पहुंचे एसडीओपी निमेष देशमुख से चर्चा के बाद भी धरना समाप्त नहीं हुआ. सोमवार की सुबह शुरू हुआ यह धरना शाम तक जारी था और मंडी में कही धरने पर बैठे किसानों ने अपना भोजन बनवाया. बता दें 2 जनवरी को लहसुन प्याज की नीलामी के दौरान किसान व एक व्यापारी के मध्य विवाद हो गया था, जिसके चलते मारपीट की घटना हुई थी और किसान को सिर में गंभीर चोट आई थी, जिसके बाद उक्त किसान को अस्पताल में भर्ती कराया गया था. सिटी पुलिस ने पवन पिता मदनसिंह मेवाड़ा निवासी अख्त्यारपुर की शिकायत पर व्यापारी सुजान सिंह व अन्य के विरूद्ध एफआईआर दर्ज की थी. इस घटना के बाद से ही आरोपियों की गिरफ्तारी तथा संबंधित व्यापारी का लायसेंस निरस्त किए जाने की मांग उठाई जा रही है. इसी को लेकर सोमवार को यह धरना प्रदर्शन प्रारंभ हुआ. भारतीय किसान संघ के चंदरसिंह सिसोदिया ने कहा कि जब तक मारपीट करने वाले व्यापारी के विरूद्ध नियमसंगत कानूनी धाराएं नहीं लगाई जाती और संबंधित का लायसेंस निरस्त नहीं किया जाता है तब तक आंदोलन जारी रहेगा. इस धरना प्रदर्शन के दौरान किसान संघ पदाधिकारियों ने शुजालपुर तहसीलदार को हटाए जाने की भी मांग की. उधर कृषि उपज मंडी प्रभारी सचिव प्रवीण सिसोदिया ने बताया कि मंडी में हुई मारपीट के मामले में पुलिस में प्रकरण दर्ज हो चुका है, साथ ही मंडी प्रशासन ने मारपीट में शामिल व्यापारी की आईडी बंद कर आगामी प्रक्रिया भी शुरू कर दी है, धाराएं बढ़ाने और अन्य कार्यवाही करना पुलिस का काम है, मंडी समिति की और से जो उचित था वह किया जा चुका है.
