
रतलाम। कपकाती ठंड का असर शुरू हो गया। रात में कड़ाके की ठंड के बावजूद कुछ लोग बाहर खुले में सोने को मजबूर हैं। शासन द्वारा बनाए गए रैन बसेरे या तो खाली पड़े है या ताला गया हुआ हैं। ऐसे में बाहर से आए नागरिकों को खुले में सोने को मजबूर होना पड़ रहा हैं।
जिले में ठंड के प्रभाव को देखते हुए कलेक्टर मिशा सिंह द्वारा लगातार नगर के प्रमुख मार्गों का रात्रिकालीन भ्रमण किया जा रहा है। जिसमें कुछ बाहरी व्यक्ति खुले में कंपकंपाती ठंड में सोते पाए गए, जिसके पश्चात् कलेक्टर द्वारा जिले के सभी निकायों के सीएमओ को रैनबसेरा/ अस्थायी रैन बसेरा की समुचित व्यवस्था करने के निर्देश दिए हैं। इसके साथ ही कलेक्टर ने रैनबसेरा, अस्थायी रैन बसेरा के साथ संचालन करने, रैन बसेरों में निकाय के कर्मचारी की ड्यूटी लगाने, बस स्टैण्ड, अस्पताल, प्रमुख चौराहों आदि का रात्रिकालीन निरीक्षण करने, किसी भी बाहरी व्यक्ति के खुले में सोते हुए पाए जाने पर रैन बसेरों में पहुंचाने, रैन बसेरों में सफाई, पेयजल, गर्म पानी, बिस्तर आदि की व्यवस्था करने के कड़े निर्देश दिए गए। साथ ही शहर के प्रमुख स्थलों पर ठंड से बचाव के लिए अलाव की व्यवस्था करने के निर्देश जारी किए गए।
कर्मचारी तैनात करने के निर्देश
कलेक्टर ने रात्रि में व्यवस्थाओं का निरीक्षण किया। उन्होंने बस स्टैण्ड, अस्पताल, प्रमुख चौराहों आदि का रात्रिकालीन निरीक्षण किया। इस दौरान उन्हें बाहरी नागरिक बाहर सोते हुए मिले। इसके बाद उन्होंने रैनबसेरा, अस्थायी रैन बसेरा के साथ संचालन करने, रैन बसेरों में निकाय के कर्मचारी की ड्यूटी लगाने व अलाव की व्यवस्था के निर्देश दिए।
