मुरैना: वन विभाग एसटीएफ ने चम्बल नदी में विशेष बटागुर प्रजाति के कछुए और घडि़याल के बच्चे छोड़े है। यह कार्यवाही शिवपुरी न्यायालय के आदेश पर की गयी। इन 30 कछुओं और 30 घडि़यालों के बच्चों को बीती रात मुरैना के जौरा कस्बे से एक कार में तस्करी के दौरान पकड़ा गया था। वन विभाग जलस्तर सामान्य होने का इंतजार कर रहा था जिसके बाद इन्हें नदी में छोड़ा गया है।
शिवपुरी वन विभाग की एसटीएफ टीम को चम्बल से कछुए और घडि़याल के बच्चों की तस्करी की खबर मिल रही थी। इस पर सूत्रों के इनपुट्स पर शिवपुरी एसटीएफ ने जौरा कस्बे के पास से एक कार को जब्त कियां इसमें बटागुर प्रजाति के 30 कछुए और 30 घडि़यालों के बच्चे तस्करी कर अन्यत्र ले जाये जा रहे थे।
एसटीएफ ने घटनास्थल से ही 2 तस्करों को कार से गिरफ्तार किया था। एक अन्य आरोपी को बाद में राजस्थान के पाली इलाके से गिरफ्तार किया गया था। देवरी घडि़याल अधीक्षक श्यामसिंह चौहान के मुताबिक दो आरोपी ग्वालियर के थे। राजस्थान के पालीघाट से यही आरोपी ग्वालियर के तस्करों को कछुआ और घडि़याल तस्करी कर देता था।
