
बैतूल। सतपुड़ा की धरती अब उद्योगों के लिए नई ऊर्जा कहानी लिखने जा रही है। बैतूल जिले के घोड़ाडोंगरी और शाहपुर क्षेत्रों की जमीन के भीतर पहली बार बड़े पैमाने पर शुद्ध और अत्यधिक ज्वलनशील मीथेन गैस का विशाल भंडार मिलने की पुष्टि हुई है। यह खोज न केवल बैतूल बल्कि पूरे प्रदेश की औद्योगिक दिशा बदलने की क्षमता रखती है।
नोएडा की इन्वेनायर पेटोडायन कंपनी ने पेट्रोलियम एक्सप्लोरेशन लाइसेंस के तहत 1771 वर्ग किमी क्षेत्र में किए गए सर्वे में 37 हजार 313 हेक्टेयर में पांच स्थानों पर उच्च गुणवत्ता वाली मीथेन गैस का बड़ा स्रोत खोजा है। कंपनी जनवरी 2026 से गैस निकालने की प्रक्रिया शुरू करेगी।
सर्वे पूरा होने के बाद कंपनी यहां पांच गैस गैदरिंग स्टेशन स्थापित करने जा रही है। साथ ही 22 किमी लंबी पाइपलाइन बिछाने का काम भी जनवरी से शुरू किया जाएगा। पाइपलाइन रूट और प्लांट लोकेशन भी तय कर ली गई है।
निकाली गई गैस को पहले इन गैदरिंग स्टेशनों में प्रोसेस और कंप्रेस किया जाएगा। इसके बाद मीथेन को बैतूल के कोसमी औद्योगिक क्षेत्र, साथ ही मंडीदीप, देवास और इंदौर के औद्योगिक क्षेत्रों तक सप्लाई किया जाएगा। इसके अतिरिक्त बैतूल शहर में घरेलू उपयोग के लिए स्थानीय गैस पाइपलाइन नेटवर्क बिछाने की योजना भी शामिल है।
उपसंचालक खनिज मनीष पालेवार ने बताया कि मीथेन निकासी शुरू होने से जिले में उद्योगों के विस्तार और राजस्व में वृद्धि होगी।
कंपनी के परियोजना प्रभारी मिनेश भट्ट के अनुसार, सर्वे में मीथेन की गुणवत्ता और फ्लो उत्तम पाया गया है और कई बड़ी कंपनियां इसके उपयोग के लिए संपर्क में हैं।
