ग्वालियर: दहेज प्रताड़ना से परेशान एक नवविवाहिता ने एसिड पीकर सुसाइड कर लिया। ससुरालवालों ने उससे दहेज में मुर्रा भैंस मांगी थी। 21 साल की विमलेश बघेल की शादी इसी साल 31 जनवरी 2024 को हुई थी। पति दिनेश बघेल माधौगंज का रहने वाला है। शादी के बाद से ही ससुरालवालों ने विमलेश को दहेज के लिए तंग करना शुरू कर दिया। पति और परिजन ने उसकी पिटाई की।
अगले दिन विमलेश ने एसिड पी लिया। इलाज के दौरान उसकी मौत हो गई।पुलिस ने पति, जेठ-जेठानी और सास-ससुर के खिलाफ केस दर्ज किया। सब पर दहेज प्रताड़ना और आत्महत्या के लिए उकसाने का आरोप है। सभी आरोपी फिलहाल फरार हैं।आरोपी रोज भैंस को लेकर विमलेश से मारपीट करते थे। उसके भाई के पास कई भैंसें थीं, जिनमें से एक मुर्रा भैंस दहेज में मांगी गई थी ताकि ससुराल का डेयरी व्यवसाय चले।
विमलेश ने यह बात भाई को कई बार बताई, पर ससुरालवालों का रवैया नहीं बदला। मुर्रा भैंस की कीमत 1.5 से 2 लाख रुपए है।विमलेश के भाई महेंद्र ने बताया कि बहन के जन्म के एक साल बाद पिता और फिर दो महीने बाद मां की मौत हो गई थी। तीन भाई-बहनों में वह सबसे छोटी थी और मैंने ही उसे पढ़ाया-लिखाया। शादी के बाद ससुरालवालों की प्रताड़ना से वह परेशान थी। एसिड पीने के बाद अस्पताल ले जाया गया, जहां उसकी मौत हो गई। मरने से पहले उसने ससुरालवालों पर गंभीर आरोप लगाए।
26 दिन बाद दर्ज हुई एफआईआर भाई महेंद्र बघेल ने पति दिनेश बघेल, ससुर इमरत बघेल, सास विद्या बाई, जेठ हरिसिंह और जेठानी भावना बघेल पर आत्महत्या के लिए उकसाने का आरोप लगाया। विमलेश के बयान, पोस्टमॉर्टम और परिजनों के बयान के आधार पर पुलिस ने 26 दिन बाद केस दर्ज किया।जांच में प्रताड़ना की बात सामने आई सीएसपी किरण अहिरवार ने बताया कि जांच में पुष्टि हुई है। ससुरालवालों ने दहेज के लिए महिला को प्रताड़ित किया, जिससे उसने आत्महत्या की। पांचों आरोपियों पर एफआईआर दर्ज है, जल्द गिरफ्तारी होगी।
