जबलपुर: भेड़ाघाट शहपुरा के मजीठा स्थित एमएलटी वेयरहाउस में हुई खरीदी के समय मूंग- उड़द की फर्जी एंट्री मामले में की गई जांच में ऑनलाइन दर्शाई गई खरीदी से 1 हजार 671 क्विंटल मूंग और 253 क्विंटल उड़द कम पाई गई है। उप संचालक कृषि डॉ एस के निगम से मिली अनुसार सेवा सहकारी संस्था बसेड़ी द्वारा संचालित इस गोदाम स्तरीय उपार्जन केंद्र में 503 किसानों से 12 हजार 928 क्विंटल मूंग एवं 299 किसानों से 8 हजार 736 क्विंटल उड़द की ऑनलाइन खरीदी दर्ज की गई थी।
जबकि जिला स्तरीय दल की जाँच के दौरान यहाँ 11 हजार 257 क्विंटल मूंग और 8 हजार 434 क्विंटल उड़द ही स्टेक में लगी पाई गई।उप संचालक कृषि ने बताया कि अनुविभागीय राजस्व अधिकारी शहपुरा के नेतृत्व में गठित जाँच दल से प्राप्त प्रतिवेदन के आधार पर एमएलटी वेयर हाउस में मूंग और उड़द संदिग्ध पाई गई खरीदी का भुगतान रोका जा रहा है।
उल्लेखनीय है कि एमएलटी वेयर हाउस में मूंग और उड़द के उपार्जन में अनियमितता बरते जाने की शिकायतों पर जाँच के आदेश कलेक्टर दीपक सक्सेना ने दिये थे। जाँच के लिये अनुविभागीय राजस्व अधिकारी शहपुरा के नेतृत्व में जिला स्तरीय दल का गठन किया गया था।
पोर्टल पर एंट्री ही नहीं
जानकारी के अनुसार जांच के दौरान वेयर हाउस में फर्श पर रखा 324 क्विंटल मूंग एवं 285.5 क्विंटल उड़द का तुला हुआ स्कंध पाया गया और 237 क्विंटल मूंग एवं 76 क्विंटल उड़द स्टेक पर लगी मिली। लेकिन फर्श पर रखे पाये गये स्कंध तथा स्टेक में लगी पाई गई मूंग और उड़द की पोर्टल पर एंट्री ही नहीं की गई थी।
पूर्व में हो चुका है करोड़ों का भुगतान
डॉ निगम ने बताया कि जांच दल की रिपोर्ट के आधार पर कलेक्टर दीपक सक्सेना ने 315 किसानों को मूंग एवं 243 किसानों को उड़द का भुगतान करने के निर्देश दिये हैं। इसके पूर्व 68 किसानों को मूंग का 1 करोड़ 52 लाख 15 हजार 205 रुपये तथा 47 किसानों को उड़द का 1 करोड़ 7 लाख 63 हजार 205 रुपये का भुगतान किया जा चुका है।
