चमोली (वार्ता) उत्तराखण्ड में चमोली जिले के थराली तहसील में शुक्रवार की रात बादल फटने और टुनरी गदेरे में पानी बढ़ने की घटना के बाद प्रशासन बचाव और राहत कार्यों में युद्धस्तर पर जुटा है।
घटना में एक बालिका की मृत्यु हो गयी और एक व्यक्ति लापता है । वहीं तहसील परिसर, चेपड़ो बाजार, कोटदीप बाजार और घरों में मलबा घुस गया।
चमोली जिला प्रशासन राहत व बचाव कार्य में जुटा है। जिलाधिकारी डाक्टर संदीप तिवारी स्वयं मौके पर मौजूद रहकर राहत-बचाव कार्यों का निरीक्षण कर रहे हैं। एनडीआरएफ, एसडीआरएफ और पुलिस बल की टीमें राहत बचाव का कार्य कर रही हैं।शनिवार को मौके पर जिला प्रशासन, तहसील प्रशासन, पुलिस विभाग, डीडीआरएफ के जवान, एनडीआरएफ के 27 जवान, एसडीआरएफ के 12 जवान, एसएसबी ग्वालदम के 12 जवान, बीआरओ, स्वास्थ्य विभाग एवं अन्य विभागीय अधिकारियों की तैनाती कर दी गयी है ।
जिलाधिकारी ने संदीप तिवारी ने बताया स्वास्थ्य विभाग की ओर से 4 चिकित्साधिकारी, 6 स्टाॅफ नर्स, 1 फार्मासिस्ट, एम्बुलेंस जीवन रक्षक औषधि सहित एलर्ट मोड पर है, इसके अतिरिक्त दो 108 एम्बुलेंस एवं 2 विशेषज्ञ चिकित्साधिकारी की टीम एसडीएच कर्णप्रयाग में तैनात कर दी गयी है। चिकित्साधिकारी पीएचसी देवाल से भी तैनाती की गयी है।उन्होंने बताया राजकीय पॉलीटेक्निक कॉलेज और शहीद भवानीदत्त इंटर कॉलेज चेपड़ो में रिलीफ सेंटर बनाया गया है।साथ ही लोगों को रिलीफ सेंटर तक लाने के लिए वाहनों की व्यवस्था की गयी है।
जिलाधिकारी ने बताया मौके पर जेसीबी मशीन, रस्सी, वुड कटर, स्ट्रैचर और अन्य आवश्यक वस्तुएं आपदा स्थल पर भेज दी गयीं हैं प्रशासन ने आमजन से अपील की है कि वे सुरक्षित स्थानों पर रहें और किसी भी आपात स्थिति में स्थानीय प्रशासन से संपर्क करें। बादल फटने और टुनरी गदेरे में पानी बढ़ने के कारण तहसील परिसर, चेपड़ो बाजार, कोटदीप बाजार और घरों में मलबा घुस गया। आपदा में एक बालिका की मृत्यु हो गयी और एक व्यक्ति लापता है ।
क्षेत्र के राजस्व निरीक्षक ने बताया कि ग्राम संगवाड़ा में एक मकान में मलबा आने के कारण एक लड़की मलबे में दब गयी थी जिसके शव को डीडीआरएफ थराली के जवानों के द्वारा रेस्क्यू किया गया। इसके अलावा अतिवृष्टि के कारण ग्राम चेपड़ो में एक व्यक्ति लापता है जिसकी खोजबीन प्रशासन द्वारा की जा रही है।
