तेहरान/बीजिंग/मास्को, 22 जुलाई (वार्ता) ईरान के परमाणु कार्यक्रम पर मंगलवार को तेहरान में एक त्रिपक्षीय बैठक का आयोजन होने जा रहा है जिसमें चीन और रूस के साथ-साथ ईरान भी शामिल होगा। ईरानी विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता इस्माइल बघेई ने सोमवार को ये ऐलान किया।
रूसी सरकारी मीडिया तास की रिपोर्ट के अनुसार ईरानी विदेश मंत्रालय ने इस बैठक के भागीदारों के नाम का ऐलान नहीं किया है लेकिन तेहरान में त्रिपक्षीय बैठक में मंत्री स्तर से नीचे के अधिकारियों के शामिल होने की संभावना है। ये त्रिपक्षीय बैठक 25 जुलाई को इस्तांबुल में ईरान और फ्रांस, जर्मनी और यूनाइटेड किंगडम या ई-3 देशों के बीच होने वाली बैठक से पहले हो रही है।
13 जून को इज़राइल ने ईरान में अत्यधिक संवर्धित यूरेनियम के संकेत को देखते हुए उस पर गुप्त रूप से परमाणु हथियार कार्यक्रम चलाने का आरोप लगाया और उसके खिलाफ सैन्य अभियान शुरू कर दिया था। इजरायल का कहना था कि अत्यधिक संवर्धित यूरेनियम की मौजूदगी नागरिक उपयोग की जरूरत से काफी ज्यादा था।
आईडीएफ ने परमाणु प्रतिष्ठानों, सैन्य नेतृत्व और हवाई अड्डों को निशाना बनाया और तेहरान के कई शीर्ष अधिकारियों, जिनमें ईरानी सेना तथा आईआरजीसी के सैन्य कमांडर और प्रमुख परमाणु वैज्ञानिक शामिल थे, को मार गिराया।
ईरान ने इजरायल के आरोपों को खारिज कर दिया और जवाबी कार्रवाई करते हुए इज़राइली हवाई क्षेत्र में ड्रोन दागे। संयुक्त राज्य अमेरिका ने 22 जून को ईरान के तीन परमाणु ठिकानों, नतांज़, इस्फ़हान और फोर्डो पर एक-एक हमला किया।
ईरान ने जवाब में कतर में अमेरिकी अल उदीद हवाई अड्डे पर हमला किया, लेकिन कहा कि उसका आगे बढ़ने का कोई इरादा नहीं है। ईरान और इजरायल दोनों के बीच वर्तमान में एक असहज और नाजुक युद्धविराम चल रहा है।
तेहरान की त्रिपक्षीय बैठक फ्रांस, जर्मनी और ब्रिटेन के साथ 25 जुलाई को इस्तांबुल में होने वाली परमाणु वार्ता से पहले हो रही है, जिससे इसकी महत्ता और बढ़ गई है।
