
शाजापुर. आ रही है पालकी…जय जगन्नाथ की…जगन्नाथ के भात, जगत पसारे हाथ…जय जगदीश हरे हरे…जय जगन्नाथ, जय जगन्नाथ. ये जयकारे प्रात: से ही नगर में गूंज रहे थे. इन जयकारों के उद्घोष से माहौल भगवान जगन्नाथ की भक्ति से सराबोर नजर आया. प्रतिवर्ष की तरह शुक्रवार को नगर में भगवान जगन्नाथ की रथयात्रा निकाली गई. रथयात्रा का विभिन्न संगठनों, समाजजनों और आमजनों ने पुष्पवर्षा कर स्वागत किया. वहीं भगवान जगन्नाथ के रथ को खींचने के लिए भी लोग लालायित रहे.
नगर के डांसी क्षेत्र में स्थित जगदीश मंदिर से सुबह भगवान जगन्नाथ, बहन सुभद्रा और बलदाऊ की प्रतिमाओं को भावसार मोहल्ला स्थित धमर्शाला में लाया गया. यहां पर मां हिंगलाज माता मंदिर में भगवान जगन्नाथ की आरती विधि विधान से की गई. इसके बाद प्रतिमाओं को विशेष रूप से तैयार कराए गए रथ में विराजित कर जयघोष के साथ रथयात्रा की शुरुआत की गई. मंदिर में समाजजनों ने भगवान जगन्नाथ की आरती की. इसके बाद धमर्शाला परिसर से रथयात्रा शुरू की गई.
पुष्पवर्षा कर किया स्वागत
रथ यात्रा में नगर के सोमवारिया बाजार, आजाद चौक, छोटा चौक, वजीरपुरा, धानमंडी चौराहा, महुपुरा रपट होते हुए डांसी स्थित जगन्नाथ मंदिर पर पहुंची. रथयात्रा मार्ग पर जगह जगह लोगों ने पुष्पवर्षा कर यात्रा का भव्य स्वागत किया. अनेक भक्तों ने भगवान का पूजन किया और रथ के रस्से को खींचकर पुण्य लाभ लिया.
