तकिया मस्जिद का अतिक्रमण हटा तो अब अधिकारी चादर तान सो गए
महाकाल लोक के सामने 257 मकान ध्वस्त करने के बाद योजना आगे नहीं बढ़ी
महाकाल मंदिर को हैंड ओवर हो चुकी है उक्त बेशकीमती जमीन
उज्जैन: महाकाल मंदिर परिसर में महाकाल लोक के सामने तकिया मस्जिद स्थित 257 मकानों पर बुलडोजर चलाकर निर्माण जमींदोज़ कर दिए गए हैं. यहां पर नई योजना बनाने में अधिकारी फिसड्डी साबित हो रहे हैं. दरअसल, महाकाल मंदिर क्षेत्र के विस्तारीकरण और सौंदर्यीकरण की राह में आड़े आ रहे कॉलोनी के मकानों को हटा दिया है. जिला प्रशासन को बेशकीमती जमीन मिलने की बड़ी अड़चन अब दूर हो गई.
महाकाल लोक के सामने तकिया मस्जिद के सामने निजामुद्दीन कॉलोनी को हटाने में तमाम तरह की समस्याएं आई. मामला मध्य प्रदेश उच्च न्यायालय तक गया, जहां न्यायालय ने कॉलोनी वालों की अपील खारिज कर दी, निचली अदालतों में केस लंबित होने की वजह से प्रशासन कब्जा नहीं ले पा रहा था, अब वहां से भी प्रशासन के पक्ष में फैसला आने के बाद जिला प्रशासन ने नगर निगम और पुलिस को साथ लेकर तुरंत कार्रवाई करते हुए सभी मकान ज़मीदोज़ कर दिए. मौके पर पूरा मैदान हो चुका है. कोर्ट की अड़चन तो दूर हो गई, बावजूद अधिकारी अब योजना के पास नहीं आ पा रहे हैं.
पार्किंग और रोप वे का स्टेशन प्रस्तावित
नवभारत से चर्चा में एसडीएम एलएन गर्ग ने बताया कि कलेक्टर नीरज कुमार सिंह के निर्देश पर सभी जरूरी प्रक्रिया संपन्न कर ली गई है, मौके से सभी मकान हटा दिए गए हैं. प्रभावित लोगों को मुआवजा भी दे दिया गया है और जमीन रिक्त करके महाकाल मंदिर को हैंडोवर कर दी गई है.
मंदिर समिति करेगी डिसाइड
अब महाकाल मंदिर अपनी योजना यहां पर क्या बनाता है. यह मंदिर समिति ही डिसाइड करेगी, इधर बताया जा रहा है कि निजामुद्दीन कॉलोनी में अब महाकाल मंदिर और महाकाल लोक आने वाले श्रद्धालुओं के लिए पार्किंग का विस्तार किया जाएगा. साथ ही रेलवे स्टेशन से लेकर महाकाल मंदिर तक जो रोप वे बनाया जा रहा है. उसके लिए यहां पर स्टेशन प्रस्तावित है. देखना है कोई तीसरी योजना भी आती है या कछुआ चाल से यह कार्य चलता रहेगा
