यरूशलम, 02 अक्टूबर (वार्ता) अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने चेतावनी दी है कि अगर जांचकर्ताओं को ईरान और ओमान के उस को-पायलट के बीच किसी प्रकार के संबंध होने की जानकारी सामने आती है, जिस पर इज़रायल जाने वाली फ्लाईदुबई यात्री उड़ान के कैप्टन को चाकू मारने का आरोप है, तो ईरान पर “बहुत ज़बरदस्त” हमला किया जायेगा।
श्री ट्रंप ने यह चेतावनी तब दी जब कई देशों के जांचकर्ता बुधवार को कॉकपिट में हुए हमले के उद्देश्यों का पता लगाने की कोशिश कर रहे थे। इस हमले में को-पायलट ने कथित तौर पर भारतीय कैप्टन स्मित मच्छार पर चाकू से हमला किया था, जिससे विमान तेज़ी से नीचे की ओर जाने लगा था लेकिन यात्रियों और क्रू सदस्यों ने बीच-बचाव करके हमलावर को काबू में कर लिया।
दुबई से तेल अवीव जा रही फ्लाईदुबई के विमान को इस घटना के बाद सऊदी अरब में सुरक्षित उतारा गया। बाद में दूसरा विमान इज़रायल के लिए रवाना हुआ।
जब पूछा गया कि अगर इस हमले के पीछे ईरान को पाया गया तो क्या अमेरिका उसके खिलाफ जवाबी कार्रवाई करेगा, तो श्री ट्रंप ने कहा, “उन पर बहुत ज़ोरदार हमला होगा, चिंता न करें। आप बस उनसे पूछिए। उन्हें पता है कि क्या हुआ है। उन पर बहुत ज़ोरदार हमला होगा।”
एक इज़रायली अधिकारी ने ‘द टाइम्स ऑफ़ इज़रायल’ को बताया कि फ़्लाईदुबई की विमान में कैप्टन स्मित मच्छार को चाकू मारने के आरोपी ओमान के को-पायलट ने सोशल मीडिया पर यहूदियों को मारने के बारे में बात की थी और अमीरात के क्रू सदस्यों से उन्हें मारने के लिए कहा था।
अधिकारी ने बताया कि संदिग्ध के सोशल मीडिया अकाउंट्स से उसकी इस्लामी और जिहादी सोच का पता चलता है। उन्होंने कहा कि जांचकर्ता इस बात की भी जांच कर रहे हैं कि क्या उसका मकसद विमान को गिराना था, जिससे संकेत मिलता है कि यह आत्मघाती हमले की कोशिश हो सकती है।
यूएई ने फ्लाईदुबई के कैप्टन पर चाकू से हुए हमले की जांच के आदेश दिये हैं। अधिकारी इस बात की जांच कर रहे हैं कि क्या यह घटना आतंकवादी गतिविधि से जुड़ी थी या इसे पहले से प्लान किया गया था। यूएई के अटॉर्नी-जनरल हमद सैफ अल शम्सी ने इस घटना की जांच के आदेश दिये हैं।
यूएई की सरकारी समाचार एजेंसी ने बताया कि जांच में हमले के पीछे की परिस्थितियों और मकसद का पता लगाया जाएगा, जिसमें यह भी देखा जायेगा कि क्या इसका कोई संबंध आतंकवादी गतिविधि से था या इसमें पहले से कोई योजना या निर्देश शामिल थे।
