दुबई से इजरायल जा रही ‘फ्लाईदुबई’ की उड़ान में हुई गंभीर घटना को लेकर अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने ईरान को सख्त लहजे में सीधी चेतावनी जारी की है। वाशिंगटन में पत्रकारों से बातचीत के दौरान राष्ट्रपति ट्रंप ने कहा कि यदि जांच में यह साबित होता है कि विमान को क्रैश कराने की कोशिश के पीछे ईरान या उसकी इस्लामिक रिवोल्यूशनरी गार्ड कॉर्प्स (IRGC) का हाथ था, तो ईरान पर “बहुत कड़ा हमला” किया जाएगा।
दरअसल, सऊदी अरब की ओर मोड़ी गई इस उड़ान में सह-पायलट पर भारतीय कैप्टन पर हमला करने और विमान को हादसे का शिकार बनाने का आरोप है। व्हाइट हाउस से टेक्सास रवाना होने से पहले ट्रंप ने स्पष्ट किया कि मामले की गहन जांच जारी है और अमेरिकी एजेंसियां इस बात की पड़ताल कर रही हैं कि क्या सह-पायलट का कोई ईरानी कनेक्शन था।
फ्लाईदुबई घटना को लेकर ट्रंप ने क्या कहा?
अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने फ्लाईदुबई विमान की घटना को लेकर बड़ा दावा किया है। व्हाइट हाउस से टेक्सास रवाना होने से पहले पत्रकारों से बातचीत में उनसे पूछा गया कि क्या विमान के को-पायलट का ईरान से कोई संबंध होने की जानकारी मिली है।
ट्रंप ने कहा कि अमेरिका इस मामले की जांच कर रहा है और जो जानकारी उन्हें मिल रही है, उसके आधार पर ईरान से संबंध होने की संभावना से इनकार नहीं किया जा सकता। ट्रंप ने यह भी कहा कि संबंधित पक्ष अमेरिका के साथ जानकारी साझा कर रहे हैं। हालांकि, उन्होंने साफ किया कि जांच अभी पूरी नहीं हुई है।
IRGC से कनेक्शन के सवाल पर भी दिया जवाब
जब ट्रंप से पूछा गया कि क्या को-पायलट को ईरान के इस्लामिक रिवोल्यूशनरी गार्ड कॉर्प्स (IRGC) ने विमान में भेजा हो सकता है या वह किसी अन्य तरीके से कट्टरपंथी विचारों से प्रभावित हुआ हो सकता है,
तो उन्होंने कहा कि ऐसा संभव है। हालांकि, ट्रंप ने इस दावे के समर्थन में कोई सबूत पेश नहीं किया। उन्होंने दोहराया कि मामले की जांच अभी जारी है।
ईरान शामिल हुआ तो ‘बहुत कड़ा हमला’ करने की चेतावनी
बातचीत के दौरान ट्रंप से यह भी पूछा गया कि अगर जांच में घटना के पीछे ईरान की भूमिका सामने आती है तो क्या अमेरिका जवाबी कार्रवाई करेगा। इस पर उन्होंने कहा कि ईरान पर बहुत कड़ा हमला किया जाएगा।
इसके बाद ट्रंप ने ईरान की आर्थिक और सैन्य स्थिति पर भी टिप्पणी की। उन्होंने महंगाई, कमजोर मुद्रा और सैन्य क्षमता को लेकर कई दावे किए। होर्मुज स्ट्रेट को लेकर उन्होंने कहा कि इस क्षेत्र पर अमेरिका का नियंत्रण है।
होर्मुज स्ट्रेट को लेकर भी किया दावा
ट्रंप ने दावा किया कि अमेरिका युद्ध से पहले की तुलना में अब होर्मुज स्ट्रेट से ज्यादा तेल निकाल रहा है। उन्होंने कहा कि पिछले दो दिनों में जलडमरूमध्य के इतिहास में किसी भी समय की तुलना में ज्यादा तेल निकाला गया है।
अमेरिकी सेना की तारीफ करते हुए ट्रंप ने कहा कि अब ईरान को अपने अगले कदम पर फैसला करना है। उन्होंने कहा कि या तो ईरान एक समझौते पर सहमत होगा या फिर उसे गंभीर परिणाम भुगतने पड़ सकते हैं।
परमाणु हथियार को लेकर ट्रंप का रुख
अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने एक बार फिर कहा कि ईरान को परमाणु हथियार रखने की अनुमति नहीं दी जाएगी। उन्होंने दावा किया कि ईरान इस बात पर सहमत हो रहा है कि उसके पास परमाणु हथियार नहीं होंगे।
वहीं, जब उनसे पूछा गया कि ईरान के साथ चल रहा संघर्ष अमेरिकी राजनीति और मध्यावधि चुनावों को प्रभावित कर सकता है या नहीं, तो ट्रंप ने कहा कि ऐसा संभव है। उन्होंने साथ ही कहा कि अगर ईरान को परमाणु हथियार हासिल करने से रोका जाता है तो यह उनके लिए राजनीतिक रूप से फायदेमंद होना चाहिए।
क्या है फ्लाईदुबई विमान का पूरा मामला?
यह घटना दुबई से इजरायल जा रही फ्लाईदुबई की एक उड़ान में हुई थी, जिसे बाद में विमान को सऊदी अरब की ओर मोड़ दिया गया। आरोप है कि को-पायलट ने भारतीय पायलट कैप्टन स्मित मच्छार पर हमला किया और विमान को क्रैश करने की कोशिश की।
बताया गया कि कैप्टन किसी तरह कॉकपिट का दरवाजा खोलने में सफल रहे। इसके बाद विमान में मौजूद अन्य लोगों ने बीच-बचाव किया और विमान को सुरक्षित उतारा गया। घटना की कई देशों के अधिकारी जांच कर रहे हैं। गुरुवार तक सार्वजनिक रूप से ऐसा कोई सबूत सामने नहीं आया था, जिससे इस घटना में ईरान की भूमिका की पुष्टि होती हो।
