
उज्जैन। पुजारी को सोने की नकली ईट थमाकर 8 लाख की ठगी करने वाला 20 माह बाद गिरफ्त में आ गया। आरोपी 10 लाख की कार और ट्रैक्टर भी ठग चुका था। पूछताछ के लिये पुलिस ने 3 दिनों की रिमांड पर लिया है। चिमनगंज टीआई विवेक कनोडिय़ा ने बताया कि जनवरी 2025 में अतिरिक्त विश्वबैंक कालोनी में रहने वाले पंचमुखी हनुमान मंदिर के पुजारी शीतलप्रसाद शर्मा ने शिकायती आवेदन देकर बताया था कि उनके साथ शहीदनगर में रहने वाले हितेश पिता कमल सोलंकी ने 1 किलो 400 ग्राम सोने की नकली ईट (2 प्लेट) असली बताकर 8 लाख की धोखाधड़ी की है। शिकायत पर मामले की जांच शुरू की गई थी। हितेश सोलंकी लगातार फरार चल रहा था। 20 माह बाद उसके शहीदनगर आने की खबर मिलते ही उसे घेराबंदी कर पकड़ा गया। जिसे न्यायालय में पेश कर 3 दिनों की रिमांड पर लिया गया है। आरोपी से पूछताछ में पता चला कि पिछले साल तराना में भी एक व्यक्ति को लोन दिलाने का झांसा देकर ट्रैक्टर हड़प लिया था। तराना पुलिस से संपर्क किया गया है, जहां आरोपी के खिलाफ प्रकरण दर्ज होना सामने आया है। टीआई कनोडिया के अनुसार आरोपी के खिलाफ 10 लाख की कार ठगने का मामला भी सामने आया है। उसके खिलाफ माधवनगर थाने में भी मामला दर्ज है। तराना और माधवनगर थाना पुलिस को उसकी लम्बे समय से तलाश है।
ऐसे संपर्क में आये पुजारी-आरोपी
बताया जा रहा है कि पुजारी शीतलप्रसाद और आरोपी हितेश के बीच मकान सौदे के दौरान संपर्क हुआ था। हितेश ने अपना शहीद नगर स्थित मकान 12.50 लाख में पुजारी को बेचा था। 50 हजार रुपए बयाना दिया था। कुछ दिन बाद हितेश पुजारी के पास सोने की र्इंट लेकर पहुंचा और कहा कि 8 लाख मुझे देकर र्इंट ले लो। मकान सौदे का हिसाब भी पूरा हो जाएगा। पुजारी ने 8 लाख दे दिये। र्इंट की जांच कराई तो नकली होना सामने आई।
पुलिस रिमांड के दौरान आरोपी ने बताया कि वह नकली सोने की ईट देवास के युवक से लाया था। पुलिस मंगलवार को उसकी निशानदेही पर देवास दबिश देने पहुंची है। बताया यह भी जा रहा है कि आरोपी की पत्नी सनसाइन टॉवर में फायनेंस कंपनी चलती थी। जिसके चलते वह कई लोगों को लोन दिलाने के नाम पर ठग चुका है। उसके खिलाफकुछ ओर लोग सामने आ सकते है। पुलिस और सामाजिक संगठन जागरूकता कार्यक्रम चलाते हैं उसके बाद भी लोगों में अब तक जागरूकता नहीं आई।
