बागली:बागली से बेहरी की दूरी 3 किलोमीटर है। प्रधानमंत्री सड़क योजना के तहत सड़क बनने के बावजूद भी दोनों तरफ पर्याप्त स्थान रखते हुए नाली खोदी गई थी जिसके चलते आमने-सामने से आने वाले वाहन आसानी से गुजर सके 2005 में सड़क निर्माण करते समय यह ध्यान रखा गया लेकिन आसपास के किसानों की गिद्ध नजर हमेशा सड़क तक रही और साल दर साल बढ़ते अतिक्रमण से हालत इतनी खराब हो गई की सिर्फ डामर की बनी सड़क ही छुटी है ।
बाकी सड़क के नजदीक से संबंधित किसानों ने अतिक्रमण करते हुए साधारण रोड को खतरनाक रोड बना दिया विगत 20 अगस्त को इसी समस्या के चलते आमने-सामने की टक्कर में वाहन चालक गणेश माली 28 वर्ष दुर्घटना ग्रस्त हो गया और अचेत अवस्था में 6 दिन संघर्ष करने के बाद मंगलवार को उक्त युवा ने दम तोड़ दिया अतिक्रमण के संबंध में विगत कई दिनों से समाचार पत्रों में समाचार दिए जाने के साथ-साथ जनपद पंचायत बागली को अवगत कराया गया लेकिन कुंभकरण नींद में सोए प्रशासन द्वारा कभी भी इसकी शुद्ध नहीं ली प्रधानमंत्री सड़क योजना से जुड़े अधिकारी कभी कभार आकर सिर्फ झाड़ी काट देते हैं
लेकिन अतिक्रमण के तहत लगे खुटे और तार फेंसिंग को पीछे नहीं कर पाते सामाजिक कार्यकर्ताओं ने कहा कि पीड़ित पक्ष न्यायालय की शरण में जाए तो इन अतिक्रमण कारीयो की नाम जद रिपोर्ट दर्ज करने के लिए न्यायालय का दरवाजा खट खटाये है तब जाकर उचित निर्णय मिलेगा और मृतक परिजनों को इन्हीं लोगों से राहत राशि भी दिलवाई जाए पूर्व उपसरपंच हीरालाल गोस्वामी ने बताया कि अभी तक 13 लोग दुर्घटनाग्रस्त होकर दुनिया छोड़ चुके हैं। अब समय आ गया है कि प्रशासन पूरी तरह से इस मार्ग को अतिक्रमण से मुक्त करते हुए सुलभ आवागमन के लिए तैयार करें इस मार्ग का उपयोग बेहरी के बाद पांच अन्य गांव केलोग करते हैं।
