मुंबई, एक्ट्रेस और सिंगर विजयता पंडित ने अपनी पहली ही फिल्म से दर्शकों के दिलों में खास जगह बना ली थी, लेकिन शुरुआती सफलता के बावजूद उनकी पर्सनल लाइफ काफी संघर्षों से भरी रही।
बॉलीवुड के रुपहले पर्दे पर कई ऐसे सितारे आए जिन्होंने अपनी पहली ही फिल्म से रातोंरात शोहरत हासिल की, लेकिन वक्त के साथ वे गुमनामी के अंधेरे में खो गए। ऐसी ही एक पॉपुलर एक्ट्रेस विजयता पंडित हैं। साल 1981 में आई सुपरहिट फिल्म लव स्टोरी से अपने एक्टिंग करियर की शुरुआत करने वाली विजयता का जन्म एक संगीतकार परिवार में हुआ था। फेमस शास्त्रीय गायक पंडित जसराज उनके चाचा थे, जबकि संगीत डायरेक्टर जोड़ी जतिन-ललित उनके भाई हैं। बेहद कम उम्र में मिली बड़ी कामयाबी के बावजूद उनकी जिंदगी में आए कई उतार-चढ़ावों ने उनकी व्यक्तिगत और पेशेवर राह बदल दी।
पहली ही फिल्म से मिली जबरदस्त पहचान
फिल्म इंडस्ट्री में कदम रखते ही विजयता पंडित ने अपनी मासूमियत और एक्टिंग से हर किसी का ध्यान आकर्षित किया था। राजेंद्र कुमार द्वारा निर्मित फिल्म लव स्टोरी में उनके साथ कुमार गौरव नजर आए थे। यह फिल्म उस दौर की सबसे बड़ी ब्लॉकबस्टर साबित हुई और इसके गानों ने हर जगह धूम मचा दी। विजयता की पहली ही पेशकश ने उन्हें हिंदी सिनेमा की उभरती हुई स्टार बना दिया था।
ऑफ स्क्रीन रिश्ते से करियर पर पड़ा असर
फिल्म की शूटिंग के दौरान ही विजयता और सह-कलाकार कुमार गौरव के बीच नजदीकियां बढ़ गई थीं। हालांकि, यह प्रेम कहानी हकीकत में मुकम्मल नहीं हो सकी। पारिवारिक असहमति के कारण दोनों का रिश्ता टूट गया। इस ब्रेकअप और परिस्थितियों के चलते विजयता का बढ़ता फिल्मी करियर अचानक थम सा गया। उन्होंने कुछ समय के लिए एक्टिंग की दुनिया से दूरी बना ली।
दूसरी पारी और पारिवारिक जीवन में आए मोड़
कुछ सालों बाद विजयता पंडित ने फिर से एक्टिंग में वापसी की और ‘मोहब्बत’ तथा गोविंदा स्टारर फिल्म ‘जीते हैं शान से’ जैसी फिल्मों में काम किया। उन्होंने डायरेक्टर समीर मलकान से शादी कर ली, लेकिन यह शादी बहुत छोटी साबित हुई। इसके बाद साल 1990 में उन्होंने जाने-माने संगीतकार आदेश श्रीवास्तव से शादी रचाई। शादी के बाद उन्होंने एक्टिंग छोड़कर गायन में अपना ध्यान केंद्रित किया और कई बेहतरीन गानों में अपनी आवाज दी।
पति के निधन के बाद आया मुश्किल दौर
साल 2015 में कैंसर की वजह से पति आदेश श्रीवास्तव के असामयिक निधन ने विजयता को गहरा सदमा पहुंचाया। उनके जाने के बाद परिवार पर आर्थिक और भावनात्मक संकट आ खड़ा हुआ। दोनों बेटों अनिवेश और अवितेश की जिम्मेदारी संभालते हुए उन्होंने हिम्मत के साथ जिंदगी का सामना किया। आज विजयता पंडित लाइमलाइट से दूर अपने परिवार के साथ शांत जीवन बिता रही हैं।
