
विजय शर्मा
भोपाल: नगर निगम के वार्ड-69 में विकास कार्यों के दावों के बावजूद मूलभूत सुविधाएं बदहाल हैं. गंदगी से भरी नालियां, उखड़ी सड़कें, जलभराव, अनियमित सफाई और कचरा उठाने की लचर व्यवस्था से रहवासी परेशान हैं. लोगों का आरोप है कि शिकायतों के बाद भी न तो नगर निगम और न ही जनप्रतिनिधियों की सक्रियता नजर आ रही है, जिससे बरसात में हालात और गंभीर हो गए हैं.हालांकि पार्षद ने विकास कार्य तो कराए हैं. लेकिन मूलभूत सुविधाओं का हल नहीं किया जा सका है. वहां अस्सी फीट रोड पर नाला है उसकी अभी तक सफाई नहीं हुई है. नाला कचरे से भरा हुआ है.
वार्ड में पुराना अशोका गार्डन, नवीन अशोका गार्डन सेक्टर ए और बी, पंजाबी बाग, इकबाल नगर, अशोक विहार, बैंक कालोनी, मयूर विहार, आजाद नगर और सेठी नगर दोनों स्लम एरिया है. जिसमें अशोक विहार में गली पूरी तरह से बिना रोड के है जिसमें पानी बारिश के दौरान पानीभर जाता है, कुछ लोगों घरों में या दुकानों में भरने की स्थिति बन जाती है. अशोक विहार में नालियों की सफाई नहीं हुई है. जो गलियों में बारिश के दौरान जलभराव का कारण बनता है. जहां पर नालियो की सफाई हुई है वहां का कचरा उठाया ही नहीं गया है.
जो बारिश होने पर या वहां से वाहन निकलते रहते हैं उनसे धीरे धीरे वापस नालियों में भर जाएगा. वहीं पूरे वार्ड में झाड़ू की समस्या अधिक देखने को मिली. वहां के रहवासियों ने बताया कि यहां पर सप्ताह में एक दिन झाड़ू लगती है और कभी कभी तो वह भी नहीं लगती है. झाड़ू के बाद कचरा वहीं पड़ा रहता है जो सडक़ों पर बिखर जाता है. वहीं कई जगह तो चौराहे के कोने पर कचरे का ढेर भी देखने को मिला. वहां पर ना ही कचरे के लिए कंटेनर रखे गए हैं. जो एैसा लगता है कि उठाया ही नहीं जाता है. यही स्थिति सेठी नगर में मिली वहां के रहवासियों ने बताया कि महिनों से कचरा उठाया नहीं गया है.
सेठी नगर में भी नालियां कचरे से भरी हुई हैं जो बारिश के दौरान भरने से गलियों में गंदा पानी बहता है. वहीं कुछ के मकानों में भी जलभराव की स्थिति बन जाती है. वहीं नलों से कभी कभी गंदा बदबूदार पानी आता है.कचरे का वाहन भी कहीं तो प्रतिदिन जाता है सेठी नगर की गलियों में कचरा वाहन जाता ही नहीं है. लोगो का कहना है कि झाड़ू और कचरे नाम से सालाना साढ़े आठ सौ रुपए तो लिए जाते हैं. लेकिन उनको उसका लाभ नहीं दिया जाता है. वहीं गार्डन की स्थिति भी खराब है. कर्मचारी नदारद रहते हैं. पेड़ों और घास की छटाई नहीं हाती है.
कचरा भरा पड़ा है. न्यू अशोका गार्डन की बाजार की सडक़ पूरी तरह से उखड़ी हुई. सडक़ के दोनों तरफ नालियां ढंकी होने से बारिश के दौरान जल भराव होता है. वहीं दुकानों में पानी भर जाता है. इस तरह से इस वार्ड में ना ही नगर निगम के वार्ड प्रभारी और जनप्रतिनिधि की सजगता दिखाई नहीं देती है. अगर सजग होते तो यहां की जनता की यह सभी समस्याएं नहीं होती. जनता को अभी भी यहां पर इन व्यवस्थाओं में सुधार का इंतजार है. लेकिन जनप्रतिनिधि और निगम की सुस्ती कब खत्म होगी. यह आने वाला समय ही बताएगा.
सडक़ नालियों पार्कों का जीर्णोद्वार कराया
मैरे द्वारा अपने वार्ड में अनेकों विकास कार्य कराये गए हैं. जिसमें परिहार चौराहे पर जनता की सुविधा के लिए सुलभ काम्चेक का निर्माण करवाया गया. जिससे आम जनता को शौचालय का लाभ मिल सके और वहां पर आसपास के दुकान संचालको को राहत मिले. वहीं, वार्ड में सभी पार्कों का जीर्णो द्वार कराया गया है. जिससे वार्ड की जनता को टहलने और बच्चों को खेलने का लाभ मिलता है. इसके अलावा वार्ड में जहां पर गंदे पानी की समस्या थी वहां पर नालियों का निर्माण करवाया . जिससे अब गंदा पानी आराम से निकलता रहे. वहीं धार्मिक आयोजनों के लिए स्टेज का निर्माण करवाया जिससे वहां पर दुर्गा पूजा और गणेश जी की झांकी लगाई जातीहै. वहीं कालानियों में सडक़ों का निर्माण भी करवाया गया जिससे जनता को राहत मिल सके.
सूर्यकांत गुप्ता, बीजेपी पार्षद वार्ड 69
सफाई के रस्म अदायगी, मुख्य मार्ग पर अतिक्रमण
वार्ड 69 स्थित अशोका गार्डन क्षेत्र समस्याओं का अंबारहै. यहां पर नियमित कालोनियों में झाड़ नहीं लगती है वहीं कचरे का ढेर लगा रहता है. बारिश पूर्व नालियों की सफाई नहीं हुई है नालियां कचरे से भरी पड़ी हैं. सफाई के रस्म अदायगी की जा रही है. परिहार चौराहे दूसरी तरफ चौराहे के सामने शराब की दुकान होने के कारण शाम को नशा करने वालों की वजह से आवागमन अवरुद्ध रहता है. 80 मुख्य मार्ग पर शाम को रेहड़ी ठेलों वाले अतिक्रमण कर खड़े हो जाते हैं, जिससे वहां पर यातायात पूरी तरह से अवरुद्ध रहता है. कई बार जाम की स्थिति बन जाती है. स्वामी विवेकानंद पार्क में माली एवं चौकीदार नहीं होने के कारण पार्क में रोज तोडफ़ोड़ हो रही है. पत्थर तोड़े जा रहे है पाईप उखाड़े के जा रहे है असमाजिक लोग पार्क को नुक्सान पहुंचा रहे है
कप्तान सिंह यादव, पूर्व जिला महामंत्री कांग्रेस
जनता ने बताई वार्ड की सच्चाई और परेशानियां
यहां पर झाड़ू सात दिन में एक बार लगती है. जिससे सडक़ पर कचरा फैला रहता है. सडक़ और सीवेज की कोई समस्या नहीं है.
अजीत गिरी, रहवासी इकबाल कालोनी
हमारे बगल में खाली प्लाट में आसपास का कचरा भरा हुआ है. जिसे नगर निगम में कभी नहीं उठाया. जिस वजह से बारिश के दौरान दीवारों से गंदा पानी आता है.
कुंती देवी, रहवासी सेठी नगर, धर्मशाला के पास
यहां पर झाड़ू कभी नहीं लगती है वहीं कचरा वाहन भी नहीं आता है. घर के सामने खाली प्लाट में कचरा भरा हुआ है. जिससे यहां पर बदबू आती रहती है. कभी कभी नलों से बदबूदार पानी आता है.
नारायणी बाई, रहवासी सेठी नगर
यहां पर सफाई तो होती ही नहीं है साथ ही यहां पर नालियां कचरे से भरी हुई है. जिससे बारिश के दौरान नाली का गंदा पानी गली में भर जाता है जिससे लोगों को निकलना मुश्किल हो जाता है.
ओपी जोशी, रहवासी सेठी नगर,
यहां झाड़ू तो लगती नहीं है साथ ही नालियों की सफाई भी नहीं हुई है. जिससे बारिश के दौरान सडक़ पर जलभराव होता है. जो कभी कभी दुकान के अंदर भी भरने की स्थिति पैदा होती है. सडक़ उखड़ी हुई है काफी समय से मरम्मत नहीं हुई है.
फिरोज़ खान, दुकान संचालक न्यू अशोक गार्डन,
सडक़ पूरी तरह से उखड़ रही है जिससे उसकी धूल दुकानों के अंदर आती है. बारिश के दौरान सडक़ पर जलभराव होता है. झाड़ू नहीं लगती है. कचड़े वाले नहीं आते हैं,
रमाकांत गर्ग, दुकान संचालक न्यू अशोका गार्डन,
हमारी गली में झाडू़ नहीं लगती है, ना ही कचरा वाहन आता है. सडक़ खुदी हुई, पार्षद से बोल चुके हैं लेकिन अभी तक कार्य नहीं हुआ है.
आरिफ हसन, रहवासी, ए-सेक्टर अशोका गार्डन,
