
सीहोर। मानसून इस बार जिले पर पूरी तरह मेहरबान नजर आ रहा है. गत 1 जून से 3 जुलाई के बीच जिले में 12 रेनी डे दर्ज किए जा चुके हैं. इस दौरान सीहोर शहर में करीब 6 इंच और सीहोर तहसील में 7 इंच बारिश रिकॉर्ड हुई है. जिले में अब तक औसतन 230.7 मिमी वर्षा हो चुकी है, जो पिछले साल की समान अवधि से अधिक है. मौसम वैज्ञानिकों का मानना है कि अब तक हुई बारिश का क्रम खरीफ फसलों के लिए बेहद अनुकूल है. हालांकि शुक्रवार दोपहर हुई तेज बारिश ने शहर की जल निकासी व्यवस्था की भी पोल खोल दी. कई प्रमुख सड़कों पर पानी भर गया और निचली बस्तियों में घरों में पानी घुसने का खतरा बन गया.
शुक्रवार दोपहर शहर में हुई तेज बारिश से गंगा आश्रम और चर्च ग्राउंड के सामने हाईवे सहित कई स्थानों पर पानी भर गया. जल निकासी की व्यवस्था कमजोर होने के कारण लोगों और वाहन चालकों को परेशानी का सामना करना पड़ा. निचली बस्तियों में भी पानी भरने की आशंका से लोग सतर्क नजर आए. एक ओर बारिश किसानों के लिए राहत लेकर आई है, तो दूसरी ओर शहर की ड्रेनेज व्यवस्था पर सवाल भी खड़े कर रही है.
आरएके कॉलेज स्थित मौसम केंद्र के अनुसार 1 जून से अब तक सीहोर शहर में 162 मिमी वर्षा दर्ज की गई है, जबकि भू-अभिलेख कार्यालय के आंकड़ों के अनुसार सीहोर तहसील में 186.9 मिमी बारिश हुई है. जिले में औसतन 230.7 मिमी वर्षा रिकॉर्ड की गई है, जबकि पिछले वर्ष इसी अवधि में यह आंकड़ा 222 मिलीमीटर था.
मौसम विभाग के तकनीकी अधिकारी डॉ. एसएस तोमर ने बताया कि आगामी 48 घंटे जिले में तेज बारिश की संभावना बनी हुई है. 6 और 7 जुलाई को बारिश से कुछ राहत मिल सकती है, लेकिन 8 जुलाई को भारी बारिश का अलर्ट जारी किया गया है. इस दौरान घने बादल छाए रहने और कई क्षेत्रों में तेज मूसलाधार वर्षा होने की संभावना है.
पिछले 24 घंटे में जिले में औसतन 31.7 मिमी वर्षा हुई. सर्वाधिक 71.3 मिमी बारिश जावर तहसील में दर्ज की गई। इसके अलावा आष्टा में 59 मिमी, भैरूंदा में 56 मिमी, श्यामपुर में 30 मिमी, इछावर में 22 मिमी, रेहटी में 16.4 मिमी और सीहोर में 9 मिमी बारिश हुई. 1 जून से 3 जुलाई तक के आंकड़ों में आष्टा सबसे अधिक 351 मिमी बारिश के साथ जिले में पहले स्थान पर है. इसके बाद भैरूंदा में 328 मिमी, इछावर में 270 मिमी, जावर में 248.7 मिमी, सीहोर में 185.9 मिमी, रेहटी में 178.8 मिमी, बुधनी में 173 मिमी तथा 119.8 मिमी बारिश श्यामपुर में दर्ज की गई.
उप संचालक कृषि एके उपाध्याय ने बताया कि जिले में करीब 75 प्रतिशत बोवनी पूरी हो चुकी है. अधिकांश किसानों ने सोयाबीन और मक्का की बुवाई कर ली है. जिन क्षेत्रों में अधिक वर्षा हुई है वहां खेतों में अत्यधिक नमी के कारण शेष किसान पानी निकलने का इंतजार कर रहे हैं. अब तक जिले में लगभग 3 लाख 20 हजार हेक्टेयर क्षेत्र में खरीफ सीजन की बोवनी हो चुकी है.
नर्मदा नदी में मछली पकड़ रहे युवक पर गिरी बिजली
शाहगंज. नर्मदा घाट शाहगंज पर बिजली गिरने से नर्मदा नदी में मछली पकडऩे का काम कर रहे 40 वर्षीय हरीचरण कहार पुत्र हीरालाल कहार निवासी कमतोन तहसील बरेली जिला रायसेन हाल मुकाम शाहगंज की मृत्यु हो गई. पुलिस ने मर्ग कायम कर लाश को पोस्टमार्टम के लिए बुधनी भेज दिया. घटना दोपहर 2.30 बजे की बताई जा रही है. घटना के बाद परिजन हरीचरण को प्राइवेट डॉक्टर के क्लीनिक पर लेकर आए जहां पर उन्होंने उसे मृत घोषित कर दिया. फिर परिजन थाने पहुंचे जहां से पुलिस ने मौके पर पहुंचकर पंचनामा बनाया. परिजन लाश को पोस्टमार्टम के लिए बुधनी ले गए. पुलिस ने मर्ग कायम कर लिया है.
