
भोपाल। मध्यप्रदेश पुलिस में पेशेवर, संवेदनशील और जनोन्मुखी पुलिसिंग को और अधिक सशक्त बनाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम उठाते हुए भोपाल स्थित पुलिस प्रशिक्षण शाला (पीटीएस), भौंरी में नव नियुक्त आरक्षकों के पांचवें बैच के बुनियादी प्रशिक्षण सत्र का शुभारंभ किया गया। यह प्रशिक्षण कार्यक्रम मध्यप्रदेश पुलिस अकादमी परिसर में आयोजित किया जा रहा है।
प्रशिक्षण सत्र का उद्घाटन 23 जून को पुलिस उप महानिरीक्षक (ग्रामीण), भोपाल राजेश सिंह चंदेल ने मुख्य अतिथि के रूप में किया। इस बैच में कुल 572 नव आरक्षक शामिल हैं, जिनमें 449 महिला एवं 123 पुरुष आरक्षक हैं। महिलाओं की उल्लेखनीय भागीदारी राज्य पुलिस बल में उनकी बढ़ती भूमिका और सशक्त उपस्थिति को दर्शाती है।
मध्यप्रदेश पुलिस अकादमी के मार्गदर्शन में संचालित इस प्रशिक्षण कार्यक्रम का उद्देश्य नव आरक्षकों को आधुनिक पुलिसिंग के लिए आवश्यक ज्ञान, कौशल और मूल्यों से सुसज्जित करना है। प्रशिक्षण में शारीरिक दक्षता, विधिक अध्ययन, पुलिसिंग तकनीक, तकनीकी दक्षता, नेतृत्व विकास तथा जनसेवा के सिद्धांतों को शामिल किया गया है।
अधिकारियों के अनुसार प्रशिक्षण के दौरान आरक्षकों को साइबर अपराध की जांच, महिला एवं बाल सुरक्षा, सामुदायिक पुलिसिंग तथा नागरिक-केंद्रित पुलिस व्यवस्था जैसे महत्वपूर्ण विषयों पर व्यावहारिक प्रशिक्षण भी दिया जाएगा। इससे वे बदलते अपराध स्वरूप और आधुनिक चुनौतियों का प्रभावी ढंग से सामना करने में सक्षम हो सकेंगे।
कार्यक्रम को संबोधित करते हुए राजेश सिंह चंदेल ने पुलिस सेवा में अनुशासन, ईमानदारी और समर्पण के महत्व पर बल दिया। उन्होंने नव आरक्षकों से उच्च आचरण मानकों का पालन करते हुए संवेदनशीलता और जिम्मेदारी के साथ समाज की सेवा करने का आह्वान किया।
इस अवसर पर मध्यप्रदेश पुलिस अकादमी के उपनिदेशक डॉ. संजय कुमार अग्रवाल, सहायक निदेशक (प्रशिक्षण) रश्मि पाण्डेय, उप पुलिस अधीक्षक नीरज नामदेव एवं राजीव त्रिपाठी, एडीपीओ सुचित्रा वर्मा, जितेंद्र अग्निहोत्री सहित पुलिस अकादमी और पुलिस प्रशिक्षण शाला के वरिष्ठ अधिकारी एवं कर्मचारी उपस्थित रहे।
