इंदौर: होली और रंगपंचमी पर निकलने वाली पारंपरिक गेर और फाग यात्राओं को लेकर प्रशासन ने तैयारियों को अंतिम रूप देना शुरू कर दिया है. शनिवार को को पूरे गेर मार्ग का पैदल निरीक्षण कर सुरक्षा, यातायात, आपातकालीन व्यवस्था और भीड़ प्रबंधन की तैयारियों की समीक्षा की गई. इसी दौरान सीपी ने संवेदनशील स्थानों की पहचान कर अतिरिक्त बल तैनाती, ड्रोन और सीसीटीवी निगरानी तथा आपातकालीन मार्ग सुरक्षित रखने के निर्देश दिए.
निरीक्षण के दौरान पुलिस और प्रशासनिक अधिकारियों की टीम ने मार्ग के प्रमुख चौराहों, संकरे हिस्सों और संभावित भीड़भाड़ वाले स्थानों का भौतिक सत्यापन किया. इस दौरान निर्णय लिया गया कि पूरे मार्ग पर पर्याप्त पुलिस बल तैनात रहेगा. ऊंची इमारतों पर वॉच टावर बनाकर सशस्त्र जवानों की तैनाती की जाएगी, ताकि ऊपर से निगरानी रखी जा सके. पूरे गेर मार्ग की निगरानी ड्रोन कैमरों और सीसीटीवी नेटवर्क के जरिए कंट्रोल रूम से की जाएगी. किसी भी संदिग्ध गतिविधि या अफवाह की स्थिति में तत्काल कार्रवाई के लिए तुरंत प्रतिक्रिया दल सक्रिय रहेंगे. वहीं महिला सुरक्षा को लेकर विशेष इंतजाम किए जा रहे हैं.
महिला पुलिस के अलग दस्ते तैनात रहेंगे, वहीं सादी वर्दी में जवान भी भीड़ के बीच मौजूद रहेंगे. हुड़दंग, नशे में उत्पात या महिलाओं से अभद्रता करने वालों के खिलाफ ‘जीरो टॉलरेंस’ की नीति अपनाने के निर्देश दिए हैं. इसके अलावा यातायात व्यवस्था को सुचारू रखने के लिए डायवर्जन प्लान और पार्किंग स्थलों का निरीक्षण किया. इस दौरान आम नागरिकों को असुविधा कम से कम हो, इसके लिए वैकल्पिक मार्ग चिन्हित किए हैं. एम्बुलेंस और फायर ब्रिगेड के लिए अलग आपातकालीन कॉरिडोर सुरक्षित रखने पर विशेष जोर दिया गया है, ताकि किसी भी आकस्मिक स्थिति में राहत कार्य बाधित न हो. गेर और फाग यात्रा के आयोजकों के साथ भी समन्वय बैठक कर सुरक्षा मानकों, रंग-गुलाल के उपयोग और भीड़ नियंत्रण को लेकर चर्चा की गई. इस दौरान उन्होने यह भी कहा कि परंपरा और उल्लास के इस आयोजन को सुरक्षित, व्यवस्थित और शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न कराने के लिए सभी विभाग समन्वित रूप से काम कर रहे हैं
