जबलपुर: गोहलपुर थाना अंतर्गत दमोहनाका स्थित मेट्रो अस्पताल में हार्ट मरीज इलाज के लिए तड़प रहा था और डॉक्टर ने इलाज करने से सिर्फ इसलिए मना कर दिया कि मरीज का अधिवक्ता बेटा पहले पिता को इलाज के लिए जबलपुर अस्पताल ले गया था। जब मरीज के बेटे ने इलाज करने की बात कहीं तो डॉक्टर भडक़ गया और अस्पताल वार्ड में ही उसकी पिटाई करते हुए अभद्रता पर उतारू हो गया। पुलिस ने रिपोर्ट पर आरोपित डॉक्टर के खिलाफ विभिन्न धाराओं के तहत एफआईआर दर्ज कर ली है।
पुलिस सूत्रों के मुताबिक आनंद सेनी निवासी पटेल नगर महाराजपुर ने रिपोर्ट दर्ज कराई कि वह मप्र उच्च न्यायालय में वकालत करता है। पिता श्रीकृष्ण कुमार सैनी 82 वर्ष हार्ट की बीमारी से ग्रस्त है। जिनका इलाज चल रहा है। बीती रात पिता के सीने में अचानक दर्द हुआ तो वह पिता को जबलपुर अस्पताल रिसर्च सेंटल लेकर पहुंचा। जबलपुर अस्पलात में ईसीजी कर के बताया गया कि ईसीजी में थोडा दिक्कत है आप हार्ट चिकित्सक से संपर्क कर इनका इलाज कराईये, तब वह पिता को जबलपुर अस्पताल से रात्रि करीब 10: 30 बजे मेट्रो अस्पताल इलाज कराने के लिए लेकर आया तो आकस्मिक चिकित्सा में जाँच करने के बाद कर्डियक आईसीयू वार्ड सेकण्ड फ्लोर में पिता को ईलाज के लिए भर्ती किया गया था।
पहले जबलपुर हॉस्पिटल ले जाने पर भडक़ा डॉक्टर-
आईसीयू वार्ड में ड्यूटी डॉक्टर मुकेश नेमा मिले जिन्होंने बताया कि डॉक्टर बलवान सिंह ह्रदय रोग विशेषज्ञ है, वलवान सिंह डाक्टर ही ईलाज करेंगे। इतने में डाक्टर वलवान सिंह आये और फाईल चेक करके बोले की आप अपने पिता को पहले कहाँ चेक कराया है तो उसने डॉक्टर वलवान सिंह से बताया कि पहले जबलपुर अस्पताल लेकर गया पिता के सीने में अधिक दर्द होने से मेट्रो अस्पताल लेकर आया है। डॉक्टर बलवान सिंह ने बोला कि आपने इसे जबलपुर अस्पताल में भर्ती क्यों नही किया हैं,आपको वहीं भर्ती करना था,उसके बाद वह अधिक आक्रोश में हो गए और बोले कि मैं इलाज नहीं करूंगा। जब उसने बोला कि आपको ईलाज करना पडेगा तो डाक्टर बलवान सिंह नाराज हो गये और गालीगलौच करने लगे।
डॉक्टर नेमा ने पकड़ा, बलवान ने मारा
पीडि़त के मुताबिक डॉक्टर नेमा ने उसे पीछे से पकड लिया और डॉक्टर बलवान सिंह ने हाथ थप्पड मार मारपीट करने लगा जिससे उसका चश्मा टूट कर गिर गया तभी वहाँ पर उपस्थित सतेन्द्र सिंह ने बीच बचाव किया। डाक्टर द्वारा उनसे भी अभद्र व्यवहार करते हुये धक्का मुक्की भी की गई ।
बीएचएमएस की डिग्री, हार्ट स्पेशलिस्ट बन इलाज का भी आरोप–
शिकायकर्ता ने आरोप लगाया है कि उसे जानकारी मिली है कि डॉक्टर बलवान सिंह के पास (बीएचएमएस) की डिग्री है और वह हार्ट स्पेशलिस्ट बनकर आईसीयू में मरीज का इलाज कर रहा है। पूरा घटनाक्रम वार्ड के सीसीटीव्ही कैमरा में रिकार्ड हुई है।
