शाजापुर। जिला मुख्यालय पर सोमवार को सियासी गहमागहमी देखने को मिली। एक ओर कांग्रेस ने एसआईआर के विरोध में रैली निकालकर केंद्र सरकार पर निशाना साधा, तो दूसरी ओर भाजपा ने सेवा पखवाड़े की शुरुआत करते हुए कार्यक्रमों की रूपरेखा प्रस्तुत की।
कांग्रेस की रैली बस स्टैंड से शुरू होकर चौक पर समाप्त हुई, जिसमें “गद्दी छोड़, वोट चोर” जैसे नारे गूंजते रहे। इस दौरान पूर्व जिला कांग्रेस अध्यक्ष रामवीरसिंह सिकरवार, नरेश्वर प्रताप सिंह, राजकुमार कराड़ा, आशुतोष शर्मा, इरशाद खान सहित कई वरिष्ठ नेता एक मंच पर दिखे। नेताओं ने सरकार पर “अघोषित इमरजेंसी” थोपने का आरोप लगाते हुए ज्ञापन सौंपा।
वहीं भाजपा कार्यालय में विधायक अरुण भीमावद ने प्रेसवार्ता कर बताया कि 2 अक्टूबर तक सेवा पखवाड़े के तहत रोजाना विभिन्न कार्यक्रम होंगे। उन्होंने कहा कि मोदी और मोहन सरकार ने किसानों, व्यापारियों और आम जनता के लिए अभूतपूर्व योजनाएं लागू की हैं।
कांग्रेस का यह विरोध कालापीपल और शुजालपुर के बाद अब शाजापुर में आयोजित हुआ, जिससे विपक्ष ने अपनी ताकत का प्रदर्शन किया।
