
नई दिल्ली, 27 अगस्त। कर्मचारियों को अपनी रिटायरमेंट प्लानिंग के लिए अब एक नया विकल्प मिल गया है। अब वे एक ही बार में यूनाइटेड पेंशन स्कीम (UPS) से नेशनल पेंशन स्कीम (NPS) में स्विच कर सकते हैं। यह सुविधा कर्मचारियों को अपनी पेंशन योजना चुनने में अधिक लचीलापन प्रदान करती है।
सुविधा का उद्देश्य
यह वन-टाइम स्विच सुविधा उन कर्मचारियों के लिए शुरू की गई है, जो अपनी मौजूदा पेंशन योजना से संतुष्ट नहीं हैं और एनपीएस के फायदों का लाभ उठाना चाहते हैं। एनपीएस एक बाजार-आधारित पेंशन योजना है, जो निवेशकों को अपनी पसंद के फंड मैनेजर और निवेश विकल्पों को चुनने की आजादी देती है। यह सुविधा यह सुनिश्चित करेगी कि कर्मचारी अपनी रिटायरमेंट के लिए बेहतर रिटर्न प्राप्त कर सकें।
स्विच करने की प्रक्रिया
इस सुविधा का लाभ उठाने के लिए, कर्मचारियों को अपनी मौजूदा यूनाइटेड पेंशन स्कीम के खाते को एनपीएस में ट्रांसफर करने के लिए एक आवेदन जमा करना होगा। यह आवेदन एक निर्धारित समय सीमा के भीतर करना होगा। इस प्रक्रिया में, यूपीएस में जमा की गई पूरी राशि, जिसमें कर्मचारी और नियोक्ता का योगदान शामिल है, को एनपीएस खाते में ट्रांसफर कर दिया जाएगा।
फायदे और नुकसान
यूपीएस से एनपीएस में स्विच करने के कई फायदे हैं, जैसे उच्च रिटर्न की संभावना, निवेश विकल्पों में लचीलापन और कर लाभ। हालांकि, इसमें बाजार के जोखिम भी शामिल हैं, क्योंकि एनपीएस का रिटर्न सीधे बाजार के प्रदर्शन पर निर्भर करता है। इसलिए, कर्मचारियों को स्विच करने से पहले अपने वित्तीय लक्ष्यों और जोखिम उठाने की क्षमता का सावधानीपूर्वक मूल्यांकन करना चाहिए।
