
अमेरिकी प्रतिबंधों का ‘खतरा’, भारतीय कंपनियों पर ‘दबाव’, क्या चीन-रूस के साथ संबंधों का है असर?
नई दिल्ली, 31 जुलाई 2025
हाल के घटनाक्रमों में, अमेरिका ने भारत को एक और बड़ा झटका देते हुए 220 मिलियन डॉलर की एक महत्वपूर्ण डिफेंस डील को जांच के दायरे में डाल दिया है। यह खबर ऐसे समय में आई है जब दोनों देशों के बीच व्यापार और रणनीतिक संबंधों को लेकर पहले से ही कई स्तरों पर बातचीत चल रही है। इस अमेरिकी कदम से भारत में चिंताएं बढ़ गई हैं, और इसे अमेरिकी प्रतिबंधों के संभावित खतरे के रूप में देखा जा रहा है, जिसका सीधा असर भारतीय कंपनियों पर पड़ सकता है।
सूत्रों के अनुसार, इस डील को जांच के दायरे में लाने का कारण कुछ भारतीय कंपनियों के चीन या रूस के साथ कथित संबंधों को माना जा रहा है, जिन पर अमेरिका ने पहले से ही प्रतिबंध लगाए हुए हैं। यदि जांच में इन संबंधों की पुष्टि होती है, तो यह डील रद्द हो सकती है या इसमें भारी देरी हो सकती है, जिससे भारत के रक्षा आधुनिकीकरण पर असर पड़ेगा। यह घटना दोनों देशों के बीच के विश्वास संकट को और गहरा सकती है, और भारत को अपने रक्षा साझीदारों के चयन में अधिक सतर्कता बरतने पर मजबूर कर सकती है।
