सीहोर. जिले में इन दिनों समर्थन मूल्य पर मूंग की खरीदी चल रही है. इस दौरान जहां कई सेंटरों पर शांतिपूर्ण तरीके से खरीदी की जा रही है तो वहीं कई सेंटरों पर धांधली शुरू हो गई है. एक मामले में रेहटी के कोसमी में एक सर्वेयर द्वारा किसानों से पैसे लेने का एक वीडियो सामने आया है. एक अन्य मामले में वासूदेव में अमानक मूंग खरीदी की शिकायत सामने आने पर अधिकारियों द्वारा वेयर हाउस का निरीक्षण किया गया है.
जिले में मूंग उपार्जन का काम जारी है. समर्थन मूल्य पर मूंग का विक्रय करने के लिए इस साल 83 हजार 881 हेक्टेयर रकबे में 33 हजार 82 किसानों ने पंजीयन कराया है. 7 जुलाई से मूंग की खरीदी शुरू होना थी, लेकिन यह एक सप्ताह बाद 14 जुलाई को शुरू हो सकी है. 29 जुलाई तक 26 हजार 606 किसान मूंग बेचने के लिए स्लॉट बुकिंग करा चुके हैं. केंद्रों पर उपार्जित मूंग की लिमिट बढ़ाए जाने से ट्रैक्टर-ट्रालियों की लाईन लगी हुई है. किसानों को मूंग बेेचने के लिए रतजगा करने को मजबूर होना पड़ रहा है और जब नंबर आता है तो ट्राली रिजेक्ट कर देते हैं. ऐसे में किसानों को परेशानी का सामना करना पड़ रहा है. जैसे-जैसे मूंग का उपार्जन हो रहा है, उपार्जन केंद्रों पर सख्ती के साथ सांठगांठ की भी शिकायत सामने आ रही हैं.
ऐसा ही एक वायरल वीडियो चर्चाओं में बना है.यह वीडियो रेहटी तहसील के कोसमी स्थित नित्या वेयर हाउस का है. नित्या वेयर हाउस को मूंग खरीदी का सेंटर बनाया गया है और यहां पर किसानों से सर्वेयर पैसे ले रहा है.
शिकायत के बाद अधिकारियों ने किया निरीक्षण
शनिवार को एक किसान ने भेरूंदा के वासुदेव स्थित रामानंद वेयरहाउस पर अमानक मूंग तुलने की शिकायत प्रशासन से की थी. शिकायत सामने आने के बाद जांच दल ने वेयर हाउस का दौरा किया. बताया जाता है कि जांच के दौरान 1800 बोरी अमानक मूंग पाया गया. मामले को गंभीरता से लेते हुए एसडीएम द्वारा समिति प्रबंधक, गोदाम मालिक और सर्वेयर को कारण बताओ नोटिस जारी करते हुए अमानक मूंग के संबंध में स्पष्टीकरण देने के लिए तीन दिन का समय दिया है. जांच में यह भी सामने आया कि मानक मूंग की जगह अमानक मूंग खरीदी जा रही है. गोदाम के भौतिक सत्यापन में मूंग की बोरियों और ऑनलाइन बिलिंग में भी अंतर मिला है.
मानक स्तर की मूंग को भी कर रहे रिजेक्ट
क्षेत्र में मूंग तुलाई को लेकर किस तरह की धांधली की जा रही है यह कई किसान खुले शब्दों में कह रहे हैं. चांदाग्रहण के एक किसान बताया कि वासुदेव स्थित रामानंद वेयर हाऊस पर वह अपनी मूंग विक्रय करने के लिए तीन दिन से लाइन में लगा था. नंबर आने के बाद सर्वेयर और गोदाम मालिक ने ग्रेडिंग नहीं कराई और ट्राली रिजेक्ट कर दी. किसान का कहना था कि अमानक तय करने से पहले मूंग की गे्रडिंग तो कर ली जाए, लेकिन न सर्वेयर ने उसकी बात सुनी और न ही गोदाम मालिक ग्रेडिंग के लिए तैयार हुए. नतीजतन किसान को वापस लौटना पड़ा.
