
जबलपुर। सक्रिय मौसम प्रणालियों के असर से सोमवार शाम अचानक मौसम की रंगत बदल गई। बादलों ने डेरा डाल लिया। धूल भरी आंधी चलने लगी। इसके बाद गर्जन के साथ बदरा बरस पड़े। इस दौरान कहीं बूंदाबांदी हुई तो कहीं तेज बौछारें पड़ी। इसके पहले सुबह से सूर्यदेव के तेवर उग्र रहे। पारा 40 डिग्री पार रहा दिनभर सूरज की तपिश और गर्म हवाएं लोगों को झुलसाती रही और सूर्यदेव तमतमाये रहे।
मौसम विभाग के मुताबिक एक चक्रवातीय परिसंचरण दक्षिणी हरियाणा और उससे सटे पूर्वोत्तर राजस्थान पर समुद्र तल से 0.9 किमी की ऊंचाई पर सक्रिय है। एक ट्रफ पंजाब के मध्य भागों से दक्षिण हरियाणा और उससे सटे उत्तर-पूर्वी राजस्थान पर सक्रिय चक्रवातीय परिसंचरण से होते हुए मध्य प्रदेश के मध्य भागों तक माध्य समुद्र तल से 0.9 किमी की ऊचाई पर विस्तृत है। एक पूर्व-पश्चिम ट्रफ़ पंजाब से हरियाणा, दक्षिणी उत्तर प्रदेश, दक्षिणी बिहार और उत्तरी गंगीय पश्चिम बंगाल से होकर उत्तरी बांग्लादेश तक माध्य समुद्र तल से 1.5 किमी ऊपर बनी हुई है। इसके अलावा अन्य मौसम प्रणालियां सक्रिय है।
ऐसा रहा तापमान
सोमवार को अधिकतम तापमान 40.7 डिग्री सेल्सियस रिकॉर्ड किया गया जो सामान्य से 1 डिग्री कम रहा। न्यूनतम तापमान 28 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। सुबह के वक्त आद्रता 53 और शाम को 35 प्रतिशत दर्ज की गई। दक्षिण-पूर्वी हवाएं आठ से दस किमी की रफ्तार से चली।
