झाबुआ: वर्ष 2024-25 में माही मुख्य बांध से 22670 हेक्टेयर भूमि में सिचाई का लक्ष्य निर्धारित किया गया है। बांध की कुल जल संग्रहण क्षमता 199.07 मि.घ.मी. है एवं उपयोगी जल क्षमता 135.60 मि.घ.मी. पानी सिंचाई एवं पेयजल हेतु आरक्षित था। कार्यपालन यंत्री जल संसाधन विभाग विपिन पाटीदार ने बताया कि माही परियोजना अंतर्गत माही मुख्य बांध से नहरों के माध्यम से पेटलावद तहसील के 109 ग्रामों में रबी सिंचाई हेतु 22670 हेक्टेयर क्षेत्र में पानी दिया जा रहा है, रबी सिंचाई हेतु कृषकों की बैठक में निर्णयानुसार निर्धारित चक्रानुसार 8 नवंबर 2024 से 19 फरवरी 2025 तक नहरों के माध्यम से पानी दिए जाने का प्रावधान रखा गया था।
तदनुसार सभी क्षेत्र के कृषकों को पानी 19 फरवरी तक उपलब्ध कराया गया एवं माही मुख्य बांध में जल उपलब्धता व कृषकों द्वारा अतिरिक्त पानी की मांग अनुसार 2दृ2 दिवस के अंतराल में सभी क्षेत्र में अतिरिक्त पानी 28 फरवरी तक उपलब्ध कराया गया है। उन्होंने बताया कि वर्तमान में माही मुख्य बांध का जल स्तर कम होने व नगर परिषद पेटलावद के लिए चोर बोराली तालाब में पेयजल हेतु आरक्षित पानी दिया जा रहा है। ग्राम बोरपाड़ा, मोइचारनी, करनगढ़ के कृषकों द्वारा और अतिरिक्त पानी की मांग की जा रही है उक्त क्षेत्र अंतिम छोर में स्थित है एवं अत्यधिक दूरी होने से वर्तमान में पानी पहुंचाया जाना संभव नहीं है।
