कोटा, भारत की स्टार अंतरराष्ट्रीय बॉक्सर अरुंधति चौधरी ने एक बार फिर वैश्विक मंच पर देश का नाम रोशन किया है। फिनलैंड के टैम्पेरे शहर में 28 अक्टूबर से 2 नवंबर तक आयोजित हुए प्रतिष्ठित ‘टैमर कप इंटरनेशनल टूर्नामेंट’ में अरुंधति ने 70 किलोग्राम भार वर्ग में शानदार प्रदर्शन करते हुए स्वर्ण पदक अपने नाम कर लिया है। इस प्रतिष्ठित प्रतियोगिता में दुनिया भर के शीर्ष खिलाड़ियों ने हिस्सा लिया था, जहाँ भारतीय मुक्केबाज ने अपने बेहतरीन खेल कौशल और आक्रामक रणनीति के दम पर सभी को पछाड़ते हुए पोडियम पर शीर्ष स्थान हासिल किया।
क्वार्टर फाइनल से लेकर फाइनल तक दमदार प्रदर्शन, आयरलैंड, न्यूजीलैंड और मेजबान फिनलैंड की खिलाड़ियों को दी करारी शिकस्त
कोटा बॉक्सिंग फेडरेशन के अध्यक्ष और उनके पिता सुरेश चौधरी ने जानकारी देते हुए बताया कि अरुंधति ने इस टूर्नामेंट के सफर में बेहद कड़े मुकाबलों में जीत हासिल की। उन्होंने क्वार्टर फाइनल में फिनलैंड की विलमा कूसीक्को को हराया, सेमीफाइनल में न्यूजीलैंड की मुक्केबाज को मात दी और खिताबी मुकाबले में आयरलैंड की एवलिन ईघरो को पराजित कर गोल्ड मेडल अपने नाम किया। चोट के कारण लंबे समय तक रिंग से दूर रहने और सर्जरी कराने के बाद अरुंधति की यह शानदार वापसी और लगातार छठा अंतरराष्ट्रीय स्वर्ण पदक उनकी अटूट मेहनत और जिझारू प्रवृत्ति को दर्शाता है।
अंतरराष्ट्रीय प्रतियोगिताओं में अब तक 13 गोल्ड मेडल जीत चुकी हैं अरुंधति, ओलंपिक में देश के लिए स्वर्ण जीतने का है बड़ा लक्ष्य
अरुंधति चौधरी के शानदार खेल सफर पर नजर डालें तो उनके नाम अब तक अंतरराष्ट्रीय मंचों पर कुल 14 पदक दर्ज हो चुके हैं, जिसमें 13 स्वर्ण (गोल्ड) और 1 कांस्य (ब्रॉन्ज) मेडल शामिल हैं। कॉमनवेल्थ, बॉक्सिंग वर्ल्ड कप और एशिया कप जैसी प्रतिष्ठित प्रतियोगिताओं में लगातार झंडे गाड़ने के बाद उनका मुख्य लक्ष्य देश के लिए ओलंपिक खेलों में स्वर्ण पदक जीतना है। इस बड़ी उपलब्धि के बाद कोटा और उनके पैतृक निवास स्थान पर खुशी का माहौल है, तथा खेल जगत की तमाम हस्तियों ने उन्हें भविष्य की चुनौतियों के लिए ढेरों शुभकामनाएं दी हैं।

