ग्वालियर:मध्यप्रदेश तृतीय वर्ग शासकीय कर्मचारी संघ जिला शाखा ग्वालियर के जिलाध्यक्ष राकेश सिंह ने मध्यप्रदेश सरकार से मांग की है कि राज्य के शासकीय कर्मचारियों एवं पेंशनर्स को भी केंद्र के समान तुरंत महंगाई भत्ता और महंगाई राहत प्रदान किया जाए।उन्होंने कहा कि केंद्र सरकार द्वारा केंद्रीय कर्मचारियों और पेंशनर्स का महंगाई भत्ता बढ़ाए जाने के बाद, मध्यप्रदेश के कर्मचारियों को मिलने वाले भत्ते और केंद्र की दरों में अंतर आ गया है।
वर्तमान में मध्यप्रदेश के शासकीय कर्मचारियों और पेंशनर्स को 58 प्रतिशत की दर से महंगाई भत्ता मिल रहा है, जबकि केंद्र सरकार ने इसे बढ़ाकर 63 प्रतिशत कर दिया है। इसी अंतर को समाप्त करने के लिए संघ ने राज्य सरकार से 5 प्रतिशत की बढ़ोतरी कर इसे केंद्र के समान करने की मांग की है।जिलाध्यक्ष राकेश सिंह ने अपने बयान में कहा कि राज्य के कर्मचारी पूरी निष्ठा और ईमानदारी के साथ अपने दायित्वों का निर्वहन कर रहे हैं, लेकिन लगातार पिछड़ रहे महंगाई भत्ते के कारण कर्मचारियों में आर्थिक असंतोष और निराशा की भावना बढ़ रही है।
जब केंद्र सरकार और अन्य पड़ोसी राज्यों के कर्मचारी बढ़ी हुई दरों का लाभ पा रहे हैं, तो मध्यप्रदेश के कर्मचारियों को उनके वाजिब हक से वंचित रखना उचित नहीं है। सरकार को बिना किसी विलंब के एरियर सहित डीए और डीआर में वृद्धि का आदेश जारी करना चाहिए।संघ की प्रमुख मांगों में मध्यप्रदेश के कर्मचारियों और पेंशनर्स का महंगाई भत्ता तत्काल प्रभाव से 58 प्रतिशत से बढ़ाकर 63 प्रतिशत किया जाना, इस बढ़ोतरी का लाभ आगामी वेतन के साथ जोड़कर दिया जाना तथा पूर्व के महीनों का बकाया एरियर कर्मचारियों के खातों में शीघ्र अंतरित किया जाना शामिल है।
