नई दिल्ली, केंद्रीय कर्मचारियों को महंगाई भत्ते (DA) में होने वाली आगामी बढ़ोतरी का बेसब्री से इंतजार है। हालांकि हाल ही में कैबिनेट बैठक टलने की खबरें सामने आई हैं, लेकिन कर्मचारी अपने स्तर पर डीए वृद्धि का पूरा गणित लगाने में जुटे हैं। वर्तमान में 60 प्रतिशत मिल रहे महंगाई भत्ते में यदि 1, 2 या 3 प्रतिशत का इजाफा होता है, तो कर्मचारियों की सैलरी में सीधा असर देखने को मिलेगा। उदाहरण के लिए, लेवल-1 के जिन कर्मचारियों की बेसिक सैलरी 18,000 रुपये है, उन्हें 1% डीए बढ़ने पर हर महीने 180 रुपये, 2% बढ़ने पर 360 रुपये और 3% की बढ़ोतरी होने पर आनुपातिक रूप से अधिक लाभ मिलेगा।
1 जुलाई 2026 से लागू होगा बढ़ा हुआ महंगाई भत्ता, केंद्रीय कर्मचारियों को मिलेगा चार महीनों का शानदार एरियर
विशेषज्ञों के अनुमान के मुताबिक, महंगाई भत्ते में होने वाला यह नया संशोधन 1 जुलाई 2026 से बैकडेट में प्रभावी माना जाएगा। इसका अर्थ यह हुआ कि पात्र कर्मचारियों को जुलाई, अगस्त, सितंबर और अक्टूबर—इन कुल चार महीनों का बकाया एरियर (Arrears) एकसाथ प्राप्त होगा। कयास लगाए जा रहे हैं कि बढ़ी हुई दरों के साथ यह संशोधित वेतन 30 नवंबर तक कर्मचारियों के खातों में आ सकता है, हालांकि सरकार की ओर से अभी तक आधिकारिक घोषणा या भुगतान की अंतिम तिथि का ऐलान होना बाकी है।
साल में दो बार संशोधित होता है महंगाई भत्ता, बढ़ती जीवन-यापन लागत से राहत देने के लिए सरकार उठाती है यह कदम
आपको बता दें कि डीए यानी महंगाई भत्ता (Dearness Allowance) सरकारी कर्मचारियों के वेतन का एक बेहद अहम हिस्सा है, जिसे जीवन-यापन के बढ़ते खर्चों और मुद्रास्फीति के असर को संतुलित करने के लिए दिया जाता है। केंद्र सरकार द्वारा साल में दो बार यानी 1 जनवरी और 1 जुलाई से प्रभावी होने वाले डीए में संशोधन किया जाता है। आम तौर पर जुलाई के संशोधन पर मुहर अक्टूबर या नवंबर के फेस्टिव सीजन के दौरान लगती है, जिससे त्योहारी माहौल में कर्मचारियों की आर्थिक स्थिति और मजबूत होती है।

