जबलपुर: प्रयागराज में हुए शांकराचार्य अविमुकतेश्वरानन्द सरस्वती के साथ विवाद की लौ अब जबलपुर तक पहुंच चुकी है। शनिवार को कांग्रेसियों ने मशाल यात्रा निकाली। पूर्व पार्षद जितिन राज ने कहा की मौनी अमावस्या पर जब शंकारचार्य अविमुक्तेश्वरानंद सरस्वती अमावस्या स्नान के लिए अपनी पालकी पर सवार होकर जा रहे थे और मेला अधिकारियों ने उन्हें रोक दिया था जिसके बाद उनके समर्थकों की पुलिस और अधिकारियों से झड़प हो गई इस घटना से क्षुब्द होकर अविमुक्तेश्वरानंद अपने आश्रम के बाहर ही धरने पर बैठ गए।
वहीं माघ मेले में धरने पर बैठने से स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद की सेहत भी बिगड़ी है, जबकि मेला प्राधिकरण उन्हें शंकराचार्य की पदवी समेत जमीन आवंटन को लेकर दो नोटिस भेज चुका है यह कहा तक जायज है। पूर्व पार्षद जितिन राज, नेता प्रतिपक्ष अमरीश मिश्रा, कांग्रेस नेता पंकज पाण्डेय के नेतृत्व मे शंकराचार्य स्वामी अविमुक्तेश्वरानन्द सरस्वती किसान उत्तर प्रदेश सरकार एवं प्रयागराज प्रशासन द्वारा किए गए अभद्र व्यवहार के खिलाफ स्थानीय मालवीय चौक से लेकर लार्डगंज पुलिस थाना तक मशाल यात्रा निकाली गई जिसमें कांग्रेस नेताओं समेत सैकड़ों कार्यकर्ता एवं आम जनसमूह मौजूद रहा। इस मशाल यात्रा में नगर कांग्रेस अध्यक्ष सौरभ शर्मा, सोनू कुकरेले, संतोष दुबे, हर्षित यादव, अन्नू तिवारी, विवेक यादव, अभिषेक पाठक,सचिन बाजपेई, समेत अन्य मौजूद रहे।
