
नई दिल्ली, 18 नवंबर 2025: पश्चिम बंगाल सीमा पर राज्य-स्तरीय पहचान पंजी (SIR) शुरू होने की अफवाह के बाद बांग्लादेशी नागरिकों का भारी जमावड़ा लग गया है। सोमवार सुबह स्वरूपनगर थाना क्षेत्र के हकीमपुर चेकपोस्ट पर सैकड़ों लोग भारी-भरकम सामान लिए बांग्लादेश लौटने की कोशिश करते देखे गए। ये लोग अवैध रूप से भारत में रह रहे थे और नागरिकता सत्यापन अभियान शुरू होने के डर से वापस भाग रहे हैं।
भारत के विभिन्न राज्यों में करते थे काम
भीड़ में शामिल घबराए हुए लोगों ने बताया कि वे भारत के विभिन्न राज्यों में प्रवासी मजदूर के रूप में काम कर रहे थे। ये लोग मुख्य रूप से रिक्शा चालक, निर्माण श्रमिक और भट्ठे में काम करने वाले मजदूर थे, जिनमें से अधिकांश बांग्लादेश के सतखीरा और खुलना जिलों के निवासी हैं। उनमें से कई ने स्वीकार किया कि वे वर्षों पहले अवैध तरीके से भारत में घुसे थे और यहीं रह रहे थे।
बीएसएफ ने सीमा पर बढ़ाई निगरानी
स्थानीय निवासियों ने बताया कि रविवार रात से ही अवैध बांग्लादेशी (पुरुष, महिलाएं और बच्चे) भारी सामान के बैग के साथ सीमा के पास इकट्ठा हो रहे थे। हालांकि, स्थानीय पुलिस और सीमा सुरक्षा बल (BSF) ने किसी भी आधिकारिक नागरिकता सत्यापन ड्राइव के शुरू होने की पुष्टि नहीं की है। बीएसएफ ने पूरे इलाके में निगरानी बढ़ा दी है और वापस जाने वालों की पहचान जांचने के बाद ही उन्हें पार जाने दिया जा रहा है।
