शुक्रवार को विश्व पर्यावरण दिवस मनाया गया. यह केवल प्रतीकात्मक पौधारोपण करने का नहीं, बल्कि आत्ममंथन का दिन है. यह सोचने का अवसर है कि आखिर पृथ्वी पर बढ़ते पर्यावरणीय संकटों के पीछे वास्तविक कारण क्या हैं. जलवायु परिवर्तन, ग्लोबल वार्मिंग, जैव विविधता का क्षरण, जल संकट और प्रदूषण जैसी […]
संपादकीय
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केंद्रीय माध्यमिक शिक्षा बोर्ड (सीबीएसई) में अनियमितताओं के आरोपों के बाद केंद्र सरकार द्वारा बोर्ड के अध्यक्ष और सचिव को हटाया जाना एक महत्वपूर्ण प्रशासनिक कदम है. हालांकि, केवल अधिकारियों को बदल देने से समस्या का स्थायी समाधान नहीं होगा. आवश्यकता इस बात की है कि देश की पूरी परीक्षा […]
नई दिल्ली में भारत, अमेरिका, जापान और ऑस्ट्रेलिया के विदेश मंत्रियों की हालिया क्वॉड बैठक ने एक बार फिर यह स्पष्ट कर दिया है कि हिंद-प्रशांत क्षेत्र अब केवल व्यापार और समुद्री गतिविधियों का केंद्र नहीं, बल्कि वैश्विक भू-राजनीति का सबसे महत्वपूर्ण मंच बन चुका है. बैठक में आतंकवाद के […]
देश के प्रमुख जलाशयों में तेजी से घटता जल स्तर केवल मौसमी चिंता नहीं, बल्कि भविष्य के जल सुरक्षा संकट की चेतावनी है. मानसून का इंतजार जरूरी है, लेकिन उससे भी अधिक जरूरी है जल संरक्षण और प्रबंधन को राष्ट्रीय प्राथमिकता बनाना. केंद्रीय जल आयोग के ताजा आंकड़े बताते हैं […]
दिल्ली पुलिस द्वारा आईएसआई और दाऊद इब्राहिम से जुड़े कथित टेरर मॉड्यूल का भंडाफोड़ देश की सुरक्षा एजेंसियों की सतर्कता का बड़ा उदाहरण है. आठ संदिग्धों की गिरफ्तारी और उनके पास से पाकिस्तान निर्मित हैंड ग्रेनेड, ग्लॉक पिस्टल तथा बड़ी मात्रा में कारतूसों की बरामदगी यह संकेत देती है कि […]
इबोला वायरस के खतरे को देखते हुए देश के सभी हवाई अड्डों पर अलर्ट और अफ्रीकी देशों की यात्रा करने वाले भारतीयों के लिए एडवाइजरी जारी की गई है. दरअसल, कोविड-19 महामारी के बाद दुनिया ने यह मान लिया था कि अब वैश्विक स्वास्थ्य व्यवस्था पहले से अधिक सतर्क और […]
देश की आंतरिक सुरक्षा केवल सीमाओं की रक्षा से सुनिश्चित नहीं होती, बल्कि सामाजिक संतुलन, जनसंख्या संरचना और सांस्कृतिक स्थिरता भी उसकी आधारशिला होती है. इसी संदर्भ में केंद्र सरकार द्वारा सुप्रीम कोर्ट के पूर्व न्यायाधीश जस्टिस पी.पी. नावलेकर की अध्यक्षता में ‘हाईपावर डेमोग्राफी कमेटी’ का गठन एक दूरदर्शी और […]
बिहार विधानसभा चुनाव से पहले मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण (एसआईआर) को लेकर जिस तरह का राजनीतिक और कानूनी विवाद खड़ा किया गया था, उस पर अब सुप्रीम कोर्ट की स्पष्ट मुहर लग चुकी है. शीर्ष अदालत ने न केवल एसआईआर प्रक्रिया को संवैधानिक और वैध ठहराया है, बल्कि […]
देश में बढ़ते कचरे के पहाड़, दम तोड़ती नदियां, जहरीली होती हवा और शहरों की बिगड़ती सेहत के बीच सुप्रीम कोर्ट का ताजा फैसला केवल एक न्यायिक आदेश नहीं, बल्कि राष्ट्रीय चेतावनी है. भोपाल के एक पर्यावरणविद् की याचिका पर शीर्ष अदालत ने जिस प्रकार सॉलिड वेस्ट मैनेजमेंट की निगरानी […]
देश इस समय भीषण गर्मी और जल संकट की दोहरी चुनौती से जूझ रहा है. शहरों से लेकर गांवों तक पेयजल की समस्या गहराती जा रही है. यहां तक कि इंदौर जैसे शहर में भी जल संकट विकराल हो गया है जहां, नर्मदा का जल पर्याप्त मात्रा में आता है. […]