भोपाल मास्टर प्लान 2047 के ड्राफ्ट को लेकर आपत्तियों का दौर जारी है। बीते दिन रहवासी और करीब 66 गावों के किसानों ने मिलकर करीब 4000 हजार आपत्तियां दर्ज करवाई। वहीं आज एक बार फिर व्यापारियों और किसानों ने टीएंडसीपी कार्यालय के आगे धरना देते हुए करीब 3 हजार आपत्तियां दर्ज कराईं।
भारतीय किसान संघ के बैनर तले करीब 77 गांव के किसानों ने उपसंचालक हरिओम महेश्वरी को आपत्तियां सौंपी। इन आपत्तियों में कृषि भूमि के भू-उपयोग में बदलाव, बड़े तालाब के कैचमेंट एरिया में निर्माण और सरपंचों को बैठकों में नहीं बुलाने पर सवाल उठाए।
जनपद पंचायत अध्यक्ष फंदा प्रमोद सिंह राजपूत ने कहा कि अधिकारी गड़बड़ी कर रहे हैं और वे मास्टर प्लान के खिलाफ हैं। सरपंच प्रतिनिधि घनश्याम पाटीदार ने आरोप लगाया कि मास्टर प्लान में शामिल सरपंचों को किसी बैठक में नहीं बुलाया गया।
किसान गीता प्रसाद पाटीदार ने चेतावनी दी कि मांगें नहीं मानी गईं तो किसान ट्रैक्टर-ट्रॉली लेकर आएंगे और टीएनसीपी दफ्तर के सामने धरने पर बैठ जाएंगे। प्रदर्शन के दौरान किसान ‘किसान शक्ति जागेगी, सारी समस्या भागेगी’ लिखे बोर्ड लेकर पहुंचे। पुलिस-प्रशासन भी सक्रिय रहा।
