सतना:राज्य शासन द्वारा संचालित ग्रामीण आबादी क्षेत्रों में निवासरत पात्र हितग्राहियों को उनके अधिकार अभिलेखों/विलेखों के निष्पादन एवं पंजीयन कार्य में लापरवाही बरते जाने पर अपर कलेक्टर विकास सिंह ने जिले के 54 परवीक्षाधीन पटवरियों को कारण बताओ नोटिस जारी कर एक दिवस के भीतर तथ्य सहित स्पष्टीकरण प्रस्तुत करने के निर्देश दिये गये है। कारण बताओ सूचना में कहा गया है कि शासकीय आदेशों की अवहेलना अनुशासनहीनता एवं परवीक्षाधीन अवधि में प्रतिकूल आचरण के आधार पर आपको सेवा के लिए अनुपयुक्त मानते हुए मध्यप्रदेश सिविल सेवा सामान्य सेवा शर्ते नियम 1961 के नियम 84 के अंतर्गत क्यों न आपकी सेवा समाप्त कर दी जाये। जिन परिवीक्षाधीन पटवारियों को नोटिस जारी की गई है.
उनमें रामपुर बघेलान तहसील के रजनीश कुमार साकेत, आशु शुक्ला, गौरव सिंह, करूणेन्द्र सिंह, देवेश सोनी, करण कुमार साहू, गुंजा सिंह, प्रियंका पटेल, जयप्रकाश मांझी, उचेहरा तहसील के प्राशु बागरी, जितेन्द्र लोधी, रूबि बागरी, महिमा शुक्ला, अभिषेक पयासी, ऋषि कुमार गौतम, प्राणेश तिवारी, अभिषेक मिश्रा, कोटर तहसील के नीरज गौतम, शिवांशी रावत, मझगवां तहसील के शिवकुमार जाटव, अनिल कुमार रावत, विनोद कुमार त्रिपाठी, मनोज कुमार सिंह, अम्बुक शाक्य, आदर्श आर्यन, शिवम शर्मा, आशुतोष पाण्डेय, नागौद तहसील के अखिलेश प्रजापति, रश्मि बागरी, श्वेता सिंह चंदेल, रविन्द्र भूरिया, अर्पिता वर्मन, प्रशांत मिश्रा, रविशंकर द्विवेदी, सुदामा सिंह, सिखा बागरी, प्रगति तोमर, अजय पाल सिंह बागरी, आशीष मांझी, आर्यन सिंह बघेल, मृगेन्द्र सिंह परिहार, बालराम मांझी, कोठी तहसील के रूप बसंत सिंह, लाल सिंह रायपुरिया, देवेश त्रिपाठी, बिरसिंहपुर तहसील के आनंद सिंह, रोहित अहिरवार, सचिन बसंतानी, महेन्द्र कुशवाहा, सतेन्द्र कुशवाहा, प्रियांशु सिंह, आशीष भार्वे, सुखेन्द्र सिंह और मनीष त्रिपाठी के नाम शामिल है।
