नयी दिल्ली, 12 मई (वार्ता) कांग्रेस ने नीट यूजी 2026 परीक्षा रद्द होने पर केंद्र सरकार की आलोचना की और केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान से इस्तीफा देने की मांग की है। कांग्रेस की सोशल मीडिया, डिजिटल प्लेटफॉर्म चेयरपर्सन सुप्रिया श्रीनेत ने पेपर लीक मामले को लेकर केंद्र की भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) सरकार और केंद्रीय शिक्षा मंत्री पर गंभीर आरोप लगाए हैं। उन्होंने कहा कि इस बार करीब 22 लाख छात्रों ने नीट परीक्षा दी थी। छात्रों ने दिन-रात मेहनत कर तैयारी की, अभिभावकों ने कोचिंग और परीक्षा से जुड़े खर्च उठाए, लेकिन अंत में उन्हें “पेपर लीक और परीक्षा रद्द” होने का सामना करना पड़ा। उन्होंने कहा, “शायद फ़र्ज़ी डिग्री वालों से शिक्षा के संबंध में गंभीरता की आशा ही बेमानी है। केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान को अपने पद पर बने रहने का कोई हक़ नहीं है।”
कांग्रेस नेता ने आरोप लगाया कि सरकार शिक्षा व्यवस्था को संभालने में पूरी तरह विफल रही है। मंत्री और सरकार देश के छात्रों के भविष्य को लेकर गंभीर नहीं हैं और “एक इम्तिहान भी बिना पेपर लीक के नहीं करा सकते, जबकि विश्वगुरु बनने के दावे किए जाते हैं।” सुश्री श्रीनेत ने पेपर लीक माफिया पर भी सवाल उठाते हुए कहा कि उनके हौसले इतने बुलंद इसलिए हैं क्योंकि उन्हें “सरकार और भाजपा का संरक्षण” प्राप्त है। उन्होंने आरोप लगाया कि छात्रों का भविष्य दांव पर लगा है, लेकिन प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी इससे बेपरवाह हैं। गौरतलब है कि राष्ट्रीय परीक्षा एजेंसी (एनएटीए) द्वारा आयोजित नीट यूजी 2026 परीक्षा को केंद्र सरकार की मंजूरी के बाद रद्द कर दिया गया है। नयी परीक्षा तिथियों की घोषणा जल्द किए जाने की बात कही गई है।

