ग्वालियर। गजराराजा चिकित्सा महाविद्यालय के डीन डॉ. आर.के.एस. धाकड़ पर कथित हमले के मामले में षड्यंत्र की आशंका जताते हुए मप्र अनुसूचित जाति-जनजाति अधिकारी एवं कर्मचारी संघ (अजाक्स) ने निष्पक्ष और गहन जांच की मांग की है। गुरुवार को संघ के प्रतिनिधिमंडल ने वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक धर्मवीर सिंह यादव को ज्ञापन सौंपकर घटना से जुड़े सभी पहलुओं की जांच कर दोषियों के खिलाफ कार्रवाई की मांग की।
संघ के विधिक सलाहकार एवं कार्यवाहक जिलाध्यक्ष अतर सिंह जाटव के नेतृत्व में सौंपे गए ज्ञापन में कहा गया कि 19 अक्टूबर को जेएएच के ट्रॉमा सेंटर में मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव, केंद्रीय मंत्री ज्योतिरादित्य सिंधिया और प्रभारी मंत्री तुलसीराम सिलावट के दौरे के दौरान शासकीय दायित्व निभा रहे डीन पर कथित हमला गंभीर मामला है। ऐसे मामलों में अधिकारियों की सुरक्षा और कानून का पालन सुनिश्चित होना चाहिए।
अजाक्स ने मांग की कि जांच को केवल प्रत्यक्ष आरोपियों तक सीमित न रखते हुए घटना की पृष्ठभूमि, संभावित पूर्व नियोजन और अन्य संदिग्धों की भूमिका भी जांची जाए। इसके लिए कॉल डिटेल रिकॉर्ड, संदेशों, डिजिटल साक्ष्यों, सीसीटीवी फुटेज और प्रत्यक्षदर्शियों के बयानों का परीक्षण कराया जाए। संघ ने गवाहों को प्रभावित करने और साक्ष्यों से छेड़छाड़ की आशंका की भी जांच करने की मांग की।
प्रतिनिधिमंडल ने कहा कि जांच में षड्यंत्र या अन्य आपराधिक संलिप्तता के पर्याप्त साक्ष्य मिलने पर संबंधित व्यक्तियों के खिलाफ कानून के अनुसार कठोर कार्रवाई की जाए। किसी भी व्यक्ति को पद या प्रभाव के आधार पर संरक्षण नहीं मिलना चाहिए। ज्ञापन सौंपने वालों में संभागीय संरक्षक शांति प्रकाश राजौरिया, अतर सिंह जाटव, मधुसूदन, गोपाल भोंसले, राकेश गौड़, पंकज सहित अन्य सदस्य शामिल रहे।
