सिंगरौली : ननि के बैढ़न शहर की कचरा परिवहन व्यवस्था और उसके संचालन से जुड़ी सीटाडेल आई एफएमएसडब्ल्यूएम प्राइवेट लिमिटेड कंपनी एक बार फिर सवालों के घेरे में है।मोरवा स्थित कंपनी के संग्रहण प्लांट में सैकड़ों गायों के प्लास्टिक खाते दिखाई देने का मामला गौवंश के स्वास्थ्य और सुरक्षा को लेकर चिंता बढ़ा रहा है। दूसरी ओर नगर निगम में कचरा परिवहन के लिए उपयोग किए जाने वाले 78 वाहनों के भौतिक सत्यापन और भुगतान प्रक्रिया को लेकर पार्षद पहले ही शिकायतें कर चुके हैं। पार्षदों का आरोप है कि कई अधिकारियों को लिखित शिकायतें देने के बावजूद अब तक जांच और कार्रवाई की स्थिति स्पष्ट नहीं हुई है। ऐसे में सवाल उठ रहा है कि आखिर इन मामलों की जिम्मेदारी किसकी है और शिकायतों पर कार्रवाई कब होगी।
भुगतान पर पार्षदों ने उठाया कई सवाल
कंपनी के कामकाज को लेकर दूसरा मामला ननि में कचरा परिवहन के लिए उपयोग किए जाने वाले 78 वाहनों की सूची और उनके भौतिक सत्यापन से जुड़ा है। पार्षदों का आरोप है कि वाहनों के दस्तावेजों, सत्यापन प्रक्रिया और भुगतान संबंधी अभिलेखों की निष्पक्ष जांच की जानी चाहिए। शिकायत पत्रों के अनुसार 22 मई 2025 को ननि मुख्यालय के सामने सुबह लगभग 3 बजे वाहनों का भौतिक सत्यापन कराया गया था। साथ ही सत्यापन की प्रक्रिया पर सवाल उठाते हुए वाहनों के नंबर, बीमा, फिटनेस, परमिट और अन्य दस्तावेजों की जांच कराने की मांग की है। शिकायतों में जनवरी 2023 से अप्रैल 2025 के बीच किए गए भुगतान का भी उल्लेख है। पार्षदों ने वाहन सूची, वास्तविक कार्य और भुगतान संबंधी रिकॉर्ड का मिलान कराने पर जोर दिया है।
ननि आयुक्त से लेकर ईओडब्ल्यू तक शिकायत
उपलब्ध दस्तावेजों के अनुसार पार्षद प्रेम सागर मिश्रा ने मई 2025 में नगर निगम के अधिकारियों को पत्र लिखकर वाहनों के भौतिक सत्यापन और दस्तावेजों की जांच की मांग की थी। इसके बाद 28 मई को नगर निगम आयुक्त, 10 जून को एसपी सिंगरौली तथा आर्थिक अपराध प्रकोष्ठ, रीवा संभाग को संबोधित शिकायत पत्रों में भी जांच और नियमानुसार कार्रवाई का अनुरोध किया गया। 16 जून 2025 को आर्थिक अपराध प्रकोष्ठ मुख्यालय, भोपाल को भी शिकायत भेजे जाने का उल्लेख है। शिकायत पत्रों पर कई पार्षदों के हस्ताक्षर और मुहर दिखाई देते हैं। पार्षदों का आरोप है कि इतने पत्र देने के बाद भी जांच और कार्रवाई को लेकर स्थिति स्पष्ट नहीं हुई है।
