बागली। विकासखंड में कम बारिश के चलते आगामी फसल पर संकट मंडराने लगा है। वहीं, दूसरी ओर नदियों और नालों में बह रहे पानी को रोकने के लिए जल संरक्षण के पर्याप्त प्रयास नहीं किए जा रहे हैं। इससे किसानों की चिंता बढ़ गई है।
उदय नगर तहसील के पिपरी ग्राम पंचायत के पास से गुजरने वाली पूर्णा नदी और उसके सहायक नालों का हजारों लीटर पानी रोज बहकर नर्मदा नदी में मिल रहा है। स्थानीय किसानों का कहना है कि पिपरी, देवझिरी और पोटला सहित आसपास की पंचायतों में पांच से अधिक स्थानों पर बोरी बांध बनाकर इस पानी को रोका जा सकता है। इससे खेतों की सिंचाई और जल उपलब्धता में मदद मिल सकती है।
ग्रामीणों के मुताबिक, पिछले वर्ष की तुलना में इस साल करीब पांच इंच कम बारिश हुई है। ऐसे में समय रहते जल संरक्षण नहीं किया गया तो आगामी फसल के साथ मवेशियों के लिए भी पानी की समस्या खड़ी हो सकती है।
किशनगढ़, पुंजापुरा, रतनपुर, राता तलाई और बागली के नजदीक चारबर्डी पंचायत क्षेत्र में भी बहते पानी को रोकने की जरूरत बताई जा रही है। ग्रामीणों ने जनपद पंचायत प्रशासन से इस दिशा में जल्द कदम उठाने
