चेन्नई, 10 अक्टूबर (वार्ता) प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी रविवार को तमिलनाडु के चेन्नई जायेंगे जहां वह वह 13 हजार करोड़ रुपए से अधिक की विकास परियोजनाओं का शिलान्यास, उद्घाटन और लोकार्पण करेंगे। इन परियोजनाओं में चेन्नई मेट्रो, राष्ट्रीय राजमार्ग, रेलवे, बंदरगाह और वैज्ञानिक शोध से जुड़ी परियोजनाएं शामिल हैं। प्रधानमंत्री सुबह पोरूर बाइपास स्टेशन से पूनामल्ली बाइपास स्टेशन तक चेन्नई मेट्रो में सफर करेंगे और वापस लौटेंगे। दोपहर में वह जलकंटेश्वर मंदिर में दर्शन और पूजा करेंगे। इसके बाद आईआईटी मद्रास के ब्रेन सेंटर का दौरा करेंगे। बाद में प्रधानमंत्री विभिन्न विकास परियोजनाओं की शुरुआत करेंगे और सभा को संबोधित करेंगे। वह चेन्नई के जैगोपाल गरोड़िया हिंदू विद्यालय मैट्रिकुलेशन हायर सेकेंडरी स्कूल के स्वर्ण जयंती समारोह में शामिल होंगे।
प्रधानमंत्री चेन्नई मेट्रो रेल परियोजना के दूसरे चरण में पूनामल्ली-वडापलानी खंड का उद्घाटन करेंगे। करीब 4,900 करोड़ रुपए की लागत से बने इस खंड में 3.7 किलोमीटर लंबा डबल-डेकर ढांचा है। इसमें आधुनिक सिग्नल सिस्टम भी लगाये गये हैं, जो बिना चालक के मेट्रो चलाने में मदद करेंगे। इस खंड से पश्चिमी चेन्नई के इलाकों और शहर के केंद्र के बीच आवाजाही आसान होने तथा यात्रियों का समय बचने की उम्मीद है। मोदी करीब 3,700 करोड़ रुपए की राष्ट्रीय राजमार्ग परियोजनाओं का शिलान्यास और उद्घाटन करेंगे। वह राष्ट्रीय राजमार्ग-744 के वडुगपट्टी-तेरकुवेंगनल्लूर खंड के 36 किलोमीटर लंबे चार लेन वाले हिस्से और राष्ट्रीय राजमार्ग-744ए के मदुरै रिंग रोड के 30 किलोमीटर लंबे चार लेन वाले हिस्से का उद्घाटन करेंगे। इनसे धार्मिक स्थलों, औद्योगिक केंद्रों और व्यावसायिक इलाकों तक पहुंच बेहतर होने तथा मदुरै में यातायात का दबाव कम होने की उम्मीद है। वह राष्ट्रीय राजमार्ग-83 के नागपट्टिनम-तंजावुर खंड पर तिरुवारूर बाइपास की आधारशिला भी रखेंगे। चार लेन की यह सड़क कस्बे के बाहर से यातायात निकालने के लिए वैकल्पिक रास्ता उपलब्ध करायेगी।
प्रधानमंत्री 750 करोड़ रुपए से अधिक की रेलवे परियोजनाओं को राष्ट्र को समर्पित करेंगे और उनका उद्घाटन करेंगे। इनमें कराईकल-पेरलम रेल लाइन और कोयंबटूर तथा आसपास के इलाकों में तीन रेल फ्लाईओवर शामिल हैं। इनसे रेलवे फाटकों पर जाम और इंतजार का समय कम करने तथा सड़क सुरक्षा बेहतर करने में मदद मिलेगी। वह अमृत भारत स्टेशन योजना के तहत विकसित पलानी, वेल्लोर कैंटोनमेंट, अंबासमुद्रम, परमाकुडी और नामक्कल रेलवे स्टेशनों का भी उद्घाटन करेंगे।
बंदरगाहों से जुड़ी परियोजनाओं के तहत प्रधानमंत्री चेन्नई बंदरगाह पर भंडारण क्षेत्र, चार निर्यात-आयात गोदाम, आधुनिक क्रूज टर्मिनल और नाविकों के लिए क्लब का उद्घाटन करेंगे। इनसे माल रखने और संभालने की क्षमता बढ़ेगी तथा यात्रियों और नाविकों को बेहतर सुविधाएं मिलेंगी। वह वी.ओ. चिदंबरनार बंदरगाह पर आठ प्रमुख परियोजनाओं का उद्घाटन और शिलान्यास करेंगे। इनसे माल और कंटेनर संभालने की क्षमता बढ़ाने, स्वच्छ समुद्री ऊर्जा के लिए ढांचा तैयार करने और माल की ढुलाई बेहतर बनाने में मदद मिलेगी। इसके अलावा, कामराजर बंदरगाह पर कोल बर्थ-3 परियोजना का उद्घाटन और कंटेनर टर्मिनल के पहले चरण के दूसरे हिस्से के लिए समुद्र की गहराई बढ़ाने के काम का शिलान्यास करेंगे।
प्रधानमंत्री चेन्नई पेट्रोलियम कॉरपोरेशन लिमिटेड की मनाली रिफाइनरी में करीब 1,620 करोड़ रुपए की ल्यूब ऑयल बेस स्टॉक्स परियोजना की आधारशिला रखेंगे। इसकी उत्पादन क्षमता सालाना 2.70 लाख टन होगी। इस परियोजना का उद्देश्य देश में उच्च गुणवत्ता वाले लुब्रिकेंट बनाने के लिए जरूरी बेस ऑयल का उत्पादन करना है। श्री मोदी आईआईटी मद्रास के सुधा गोपालकृष्णन ब्रेन सेंटर को राष्ट्र को समर्पित करेंगे। वह 100 से अधिक मानव मस्तिष्कों का कोशिका स्तर पर तीन-आयामी नक्शा तैयार करने वाले वैश्विक वैज्ञानिक अभियान की शुरुआत भी करेंगे। इसमें गर्भ में भ्रूण की अवस्था से लेकर बुढ़ापे तक के मस्तिष्क का अध्ययन किया जायेगा। वह सी-स्ट्रोक नाम का एटलस भी जारी करेंगे, जिसमें स्ट्रोक से प्रभावित मस्तिष्क के एक हजार से अधिक सूक्ष्म हिस्सों की जानकारी दर्ज है। इससे शोधकर्ताओं को इलाज के नये लक्ष्यों की पहचान करने में मदद मिलने की उम्मीद है। प्रधानमंत्री जैगोपाल गरोड़िया हिंदू विद्यालय के स्वर्ण जयंती समारोह में भी शामिल होंगे। स्कूल के 50 साल पूरे होने के अवसर पर आयोजित इस समारोह में वह सभा को संबोधित करेंगे। स्कूल ने शिक्षा, अनुशासन, सांस्कृतिक मूल्यों और विद्यार्थियों के सर्वांगीण विकास पर जोर दिया है।

