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कुलपति आए, बोले-नहीं बढ़ाएंगे परीक्षा फीस नवभारत न्यूज भोपाल, बरकतउल्ला विश्वविद्यालय में परीक्षा फीस में पचास फीसदी बढ़ोत्तरी के विरोध में एनएसयूआई ने विश्वविद्यालय के प्रशासनिक गेट पर विरोध प्रदर्शन किया. दरअसल विश्वविद्यालय की कार्यपरिषद ने परीक्षा फीस में पचास फीसदी बढ़ोत्तरी का प्रस्ताव रखा था, जिस पर एक बजे बैठक में फैसला होना था. पर कांग्रेस की छात्र इकाई एनएसयूआई जिलाध्यक्ष आशुतोष चौकसे के नेतृत्व में प्रशासनिक भवन के बाहर धरने पर पहुंच गई और फीस वृद्धि के प्रस्ताव का विरोध करने लगी. धरने के कारण कार्यपरिषद की बैठक 3 बजे स्थगित कर दी गई. प्रदर्शन कर रहे छात्रों को हटाने के लिये अधिकारी आये और समझाइश देकर चले गये. जब छात्र नहीं हटे तो कुलपति प्रमोद वर्मा बाहर आये और फीसवृद्धि का प्रस्ताव नहीं रखने का आश्वासन देकर चले गये. सेमेस्टर सिस्टम बंद होने से रुकी ग्रांट इस सत्र से प्रदेश में सेमेस्टर सिस्टम बंद हो गया है. जिसके कारण यूजीसी से प्राप्त होने वाले अनुदान से प्रदेश के विश्वविद्यालय वंचित होने वाले हैं. बीयू भी उन्हीं श्रेणी में है. फंड की कमी का विषय रखकर यहां परीक्षा फीस में वृद्धि होने वाली थी, पर यह प्रस्ताव अब अटक गया है. फीस वृद्धि से गरीब छात्रों की जेब पर भार पडऩे वाला था. शिक्षा को धंधा बनाने की ओर यह कदम था, जिसका हमने विरोध किया और यह फैसला रद्द भी हो गया. विवेक त्रिपाठी, प्रवक्ता एनएसयूआई"/> कुलपति आए, बोले-नहीं बढ़ाएंगे परीक्षा फीस नवभारत न्यूज भोपाल, बरकतउल्ला विश्वविद्यालय में परीक्षा फीस में पचास फीसदी बढ़ोत्तरी के विरोध में एनएसयूआई ने विश्वविद्यालय के प्रशासनिक गेट पर विरोध प्रदर्शन किया. दरअसल विश्वविद्यालय की कार्यपरिषद ने परीक्षा फीस में पचास फीसदी बढ़ोत्तरी का प्रस्ताव रखा था, जिस पर एक बजे बैठक में फैसला होना था. पर कांग्रेस की छात्र इकाई एनएसयूआई जिलाध्यक्ष आशुतोष चौकसे के नेतृत्व में प्रशासनिक भवन के बाहर धरने पर पहुंच गई और फीस वृद्धि के प्रस्ताव का विरोध करने लगी. धरने के कारण कार्यपरिषद की बैठक 3 बजे स्थगित कर दी गई. प्रदर्शन कर रहे छात्रों को हटाने के लिये अधिकारी आये और समझाइश देकर चले गये. जब छात्र नहीं हटे तो कुलपति प्रमोद वर्मा बाहर आये और फीसवृद्धि का प्रस्ताव नहीं रखने का आश्वासन देकर चले गये. सेमेस्टर सिस्टम बंद होने से रुकी ग्रांट इस सत्र से प्रदेश में सेमेस्टर सिस्टम बंद हो गया है. जिसके कारण यूजीसी से प्राप्त होने वाले अनुदान से प्रदेश के विश्वविद्यालय वंचित होने वाले हैं. बीयू भी उन्हीं श्रेणी में है. फंड की कमी का विषय रखकर यहां परीक्षा फीस में वृद्धि होने वाली थी, पर यह प्रस्ताव अब अटक गया है. फीस वृद्धि से गरीब छात्रों की जेब पर भार पडऩे वाला था. शिक्षा को धंधा बनाने की ओर यह कदम था, जिसका हमने विरोध किया और यह फैसला रद्द भी हो गया. विवेक त्रिपाठी, प्रवक्ता एनएसयूआई"/> कुलपति आए, बोले-नहीं बढ़ाएंगे परीक्षा फीस नवभारत न्यूज भोपाल, बरकतउल्ला विश्वविद्यालय में परीक्षा फीस में पचास फीसदी बढ़ोत्तरी के विरोध में एनएसयूआई ने विश्वविद्यालय के प्रशासनिक गेट पर विरोध प्रदर्शन किया. दरअसल विश्वविद्यालय की कार्यपरिषद ने परीक्षा फीस में पचास फीसदी बढ़ोत्तरी का प्रस्ताव रखा था, जिस पर एक बजे बैठक में फैसला होना था. पर कांग्रेस की छात्र इकाई एनएसयूआई जिलाध्यक्ष आशुतोष चौकसे के नेतृत्व में प्रशासनिक भवन के बाहर धरने पर पहुंच गई और फीस वृद्धि के प्रस्ताव का विरोध करने लगी. धरने के कारण कार्यपरिषद की बैठक 3 बजे स्थगित कर दी गई. प्रदर्शन कर रहे छात्रों को हटाने के लिये अधिकारी आये और समझाइश देकर चले गये. जब छात्र नहीं हटे तो कुलपति प्रमोद वर्मा बाहर आये और फीसवृद्धि का प्रस्ताव नहीं रखने का आश्वासन देकर चले गये. सेमेस्टर सिस्टम बंद होने से रुकी ग्रांट इस सत्र से प्रदेश में सेमेस्टर सिस्टम बंद हो गया है. जिसके कारण यूजीसी से प्राप्त होने वाले अनुदान से प्रदेश के विश्वविद्यालय वंचित होने वाले हैं. बीयू भी उन्हीं श्रेणी में है. फंड की कमी का विषय रखकर यहां परीक्षा फीस में वृद्धि होने वाली थी, पर यह प्रस्ताव अब अटक गया है. फीस वृद्धि से गरीब छात्रों की जेब पर भार पडऩे वाला था. शिक्षा को धंधा बनाने की ओर यह कदम था, जिसका हमने विरोध किया और यह फैसला रद्द भी हो गया. विवेक त्रिपाठी, प्रवक्ता एनएसयूआई">

फीसवृद्धि के विरोध में NSUI ने किया प्रदर्शन

2017/12/29



कुलपति आए, बोले-नहीं बढ़ाएंगे परीक्षा फीस नवभारत न्यूज भोपाल, बरकतउल्ला विश्वविद्यालय में परीक्षा फीस में पचास फीसदी बढ़ोत्तरी के विरोध में एनएसयूआई ने विश्वविद्यालय के प्रशासनिक गेट पर विरोध प्रदर्शन किया. दरअसल विश्वविद्यालय की कार्यपरिषद ने परीक्षा फीस में पचास फीसदी बढ़ोत्तरी का प्रस्ताव रखा था, जिस पर एक बजे बैठक में फैसला होना था. पर कांग्रेस की छात्र इकाई एनएसयूआई जिलाध्यक्ष आशुतोष चौकसे के नेतृत्व में प्रशासनिक भवन के बाहर धरने पर पहुंच गई और फीस वृद्धि के प्रस्ताव का विरोध करने लगी. धरने के कारण कार्यपरिषद की बैठक 3 बजे स्थगित कर दी गई. प्रदर्शन कर रहे छात्रों को हटाने के लिये अधिकारी आये और समझाइश देकर चले गये. जब छात्र नहीं हटे तो कुलपति प्रमोद वर्मा बाहर आये और फीसवृद्धि का प्रस्ताव नहीं रखने का आश्वासन देकर चले गये. सेमेस्टर सिस्टम बंद होने से रुकी ग्रांट इस सत्र से प्रदेश में सेमेस्टर सिस्टम बंद हो गया है. जिसके कारण यूजीसी से प्राप्त होने वाले अनुदान से प्रदेश के विश्वविद्यालय वंचित होने वाले हैं. बीयू भी उन्हीं श्रेणी में है. फंड की कमी का विषय रखकर यहां परीक्षा फीस में वृद्धि होने वाली थी, पर यह प्रस्ताव अब अटक गया है. फीस वृद्धि से गरीब छात्रों की जेब पर भार पडऩे वाला था. शिक्षा को धंधा बनाने की ओर यह कदम था, जिसका हमने विरोध किया और यह फैसला रद्द भी हो गया. विवेक त्रिपाठी, प्रवक्ता एनएसयूआई


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