Breaking News :

सामने आई जेपी और हमीदिया अस्पताल की लापरवाही

नवभारत न्यूज भोपाल, राजधानी में 2 जनवरी को 12 नंबर स्टाप इंद्रा नगर निवासी अनवर हुसैन की दूधमुंही 15 दिन की बच्ची की तबियत खराब होने पर अनवर हुसैन करीब 1 बजे दोपहर बच्ची को लेकर जेपी अस्पताल पहुंचे जहां डॉक्टर ने बताया कि बच्ची की हालत गंभीर है, इसे आप हमीदिया अस्पताल ले जाओ. इसके बाद अनवर हुसैन बच्ची को लेकर करीब दोपहर 3 बजे हमीदिया अस्पताल पहुंचे. वहां पर यहां ले जाओ, वहां ले जाओ कहकर डॉक्टर उन्हें इधर से उधर घुमाते रहे और करीब 1 घंटे बाद बताया गया कि बच्चों के डॉक्टर छुट्टी पर हैं इसलिये कल सुबह 9 बजे आकर दिखा देना. अनवर हुसैन वापस आ गये पर बच्ची की हालत ज्यादा बिगडऩे पर सुबह 6 बजे अनवर बच्ची को लेकर जेपी अस्पताल पहुंचे जहां डाक्टर ने बच्ची को मृत घोषित कर दिया. गौरतलब हो कि अनवर हुसैन और उनकी पत्नी दिव्यांग हैं."/>

सामने आई जेपी और हमीदिया अस्पताल की लापरवाही

नवभारत न्यूज भोपाल, राजधानी में 2 जनवरी को 12 नंबर स्टाप इंद्रा नगर निवासी अनवर हुसैन की दूधमुंही 15 दिन की बच्ची की तबियत खराब होने पर अनवर हुसैन करीब 1 बजे दोपहर बच्ची को लेकर जेपी अस्पताल पहुंचे जहां डॉक्टर ने बताया कि बच्ची की हालत गंभीर है, इसे आप हमीदिया अस्पताल ले जाओ. इसके बाद अनवर हुसैन बच्ची को लेकर करीब दोपहर 3 बजे हमीदिया अस्पताल पहुंचे. वहां पर यहां ले जाओ, वहां ले जाओ कहकर डॉक्टर उन्हें इधर से उधर घुमाते रहे और करीब 1 घंटे बाद बताया गया कि बच्चों के डॉक्टर छुट्टी पर हैं इसलिये कल सुबह 9 बजे आकर दिखा देना. अनवर हुसैन वापस आ गये पर बच्ची की हालत ज्यादा बिगडऩे पर सुबह 6 बजे अनवर बच्ची को लेकर जेपी अस्पताल पहुंचे जहां डाक्टर ने बच्ची को मृत घोषित कर दिया. गौरतलब हो कि अनवर हुसैन और उनकी पत्नी दिव्यांग हैं."/>

सामने आई जेपी और हमीदिया अस्पताल की लापरवाही

नवभारत न्यूज भोपाल, राजधानी में 2 जनवरी को 12 नंबर स्टाप इंद्रा नगर निवासी अनवर हुसैन की दूधमुंही 15 दिन की बच्ची की तबियत खराब होने पर अनवर हुसैन करीब 1 बजे दोपहर बच्ची को लेकर जेपी अस्पताल पहुंचे जहां डॉक्टर ने बताया कि बच्ची की हालत गंभीर है, इसे आप हमीदिया अस्पताल ले जाओ. इसके बाद अनवर हुसैन बच्ची को लेकर करीब दोपहर 3 बजे हमीदिया अस्पताल पहुंचे. वहां पर यहां ले जाओ, वहां ले जाओ कहकर डॉक्टर उन्हें इधर से उधर घुमाते रहे और करीब 1 घंटे बाद बताया गया कि बच्चों के डॉक्टर छुट्टी पर हैं इसलिये कल सुबह 9 बजे आकर दिखा देना. अनवर हुसैन वापस आ गये पर बच्ची की हालत ज्यादा बिगडऩे पर सुबह 6 बजे अनवर बच्ची को लेकर जेपी अस्पताल पहुंचे जहां डाक्टर ने बच्ची को मृत घोषित कर दिया. गौरतलब हो कि अनवर हुसैन और उनकी पत्नी दिव्यांग हैं.">

अस्पतालों के चक्कर में गई मासूम की जान

2018/01/04



सामने आई जेपी और हमीदिया अस्पताल की लापरवाही

नवभारत न्यूज भोपाल, राजधानी में 2 जनवरी को 12 नंबर स्टाप इंद्रा नगर निवासी अनवर हुसैन की दूधमुंही 15 दिन की बच्ची की तबियत खराब होने पर अनवर हुसैन करीब 1 बजे दोपहर बच्ची को लेकर जेपी अस्पताल पहुंचे जहां डॉक्टर ने बताया कि बच्ची की हालत गंभीर है, इसे आप हमीदिया अस्पताल ले जाओ. इसके बाद अनवर हुसैन बच्ची को लेकर करीब दोपहर 3 बजे हमीदिया अस्पताल पहुंचे. वहां पर यहां ले जाओ, वहां ले जाओ कहकर डॉक्टर उन्हें इधर से उधर घुमाते रहे और करीब 1 घंटे बाद बताया गया कि बच्चों के डॉक्टर छुट्टी पर हैं इसलिये कल सुबह 9 बजे आकर दिखा देना. अनवर हुसैन वापस आ गये पर बच्ची की हालत ज्यादा बिगडऩे पर सुबह 6 बजे अनवर बच्ची को लेकर जेपी अस्पताल पहुंचे जहां डाक्टर ने बच्ची को मृत घोषित कर दिया. गौरतलब हो कि अनवर हुसैन और उनकी पत्नी दिव्यांग हैं.


Opinions expressed in the comments are not reflective of Nava Bharat. Comments are moderated automatically.

Related Posts