शिक्षक-सरकार के बीच टकराव, कल विदिशा से ध्वज यात्रा करेंगे शुरू

विदिशा/भोपाल / निवाड़ी
शिक्षक और सरकार के बीच एक बार फिर टकराव की स्थिति बन गई है। पुरानी पेंशन बहाली, क्रमोन्नति, अनुकंपा नियुक्ति सहित अन्य मांगों को लेकर आजाद अध्यापक-शिक्षक संघ को भोपाल में 1 मई को महासम्मेलन आयोजित करने की अनुमति देने से जिला और पुलिस प्रशासन ने इंकार कर दिया है पर शिक्षक आयोजन पर अड़े हैं। वे तय कार्यक्रम के अनुसार 1 मई को विदिशा के बाढ़ वाले श्री गणेश मंदिर से ध्वज यात्रा शुरू कर रहे हैं, जो भोपाल पहुंचेगी। शिक्षकों की तैयारी को देखते हुए सरकार ने सभी जिलों की पुलिस को अलर्ट कर दिया है। संघ के पदाधिकारियों को थानों में बुलाकर धमकाया जा रहा है कि वे ध्वज यात्रा में शामिल न हों, वरना उनके खिलाफ कार्यवाही की जाएगी।
संघ ने भेल भोपाल स्थित एनसीसी ग्राउंड में महासम्मेलन के आयोजन की अनुमति मांगी थी। सभी मैदानी अधिकारियों ने अनुशंसा कर दी थी पर उपायुक्त पुलिस ने इस तर्क के साथ अनुमति देने से इंकार कर दिया कि भोपाल आ रहे शिक्षकों की संख्या ज्यादा है। उनका कहना है कि खुफिया एजेंसियों की रिपोर्ट के अनुसार एक लाख से ज्यादा शिक्षक भोपाल आ रहे हैं। इसी के साथ सरकार ने दमनकारी नीति पर काम शुरू कर दिया है। सभी पुलिस अधीक्षक से कहा है कि उनके जिलों से शिक्षक भोपाल नहीं आने चाहिए। इसलिए सभी जिलों में थाना प्रभारियों को शिक्षको को रोकने का दायित्व सौंपा गया है। वे क्षेत्र में निवास करने वाले संघ के पदाधिकारियों को थाने बुलाकर समझा रहे हैं कि भोपाल नहीं जाना है। पदाधिकारियों की गतिविधियों पर नजर भी रखी जा रही है। उधर, विदिशा में श्रीगणेश मंदिर में पूजन और एक शादी हाल में प्रस्तावित बैठक पर भी रोक लगा दी गई है। पुलिस ने शादी हाल संचालक को कार्यक्रम होने पर हाल सीज करने का धमकी दी है।
शिक्षकों का हठ, यात्रा तो निकलेगी
शिक्षक भी हठ पर उतर आए हैं। उन्होंने साफ कर दिया है कि सरकार दबाव की रणनीति पर काम कर रही है। इसलिए अब ध्वज यात्रा तो निकलेगी। इससे पहले शिक्षकों ने मनोकामना यात्रा निकाली थी, इसका समापन भोपाल में 25 दिसंबर 2021 को होना था। भोपाल में सारी तैयारी भी हो गई थी पर एक दिन पहले सरकार ने अनुमति निरस्त कर दी और कार्यक्रम स्थल से टेंट उखड़वा दिया। तब से शिक्षक ज्यादा नाराज चल रहे हैं। उनका कहना है कि क्रमोन्नति, अनुकंपा नियुक्ति, अध्यापक से शिक्षक संवर्ग में संविलियन ऐसी मांगें हैं, जो नियमित प्रक्रिया का हिस्सा है। उसे भी अधिकारियों ने उलझा रखा है। हम यही बात सरकार को बताना चाह रहे हैं पर कोई सुनना नहीं चाहता है।
मुख्यमंत्री को किया आमंत्रित
संघ ने महासम्मेलन में मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान को भी आमंत्रित किया है। उनसे निवेदन भी किया है कि जो मांगें महज प्रक्रिया के भंवर में उलझी हैं, उन्हें तो तत्काल पूरा किया जा सकता है। पुरानी पेंशन बहाली के मामले में भी सहानुभूति पूर्वक विचार किया जाना चाहिए।
ऐसा रहेगा यात्रा का नजारा
विदिशा स्थित श्रीगणेश मंदिर से शुरू होने वाली यात्रा का नजारा भी अलग ही रहेगा। एक बड़ा भगवा ध्वज रहेगा और यात्रा में शामिल शेष शिक्षकों के पास छोटे ध्वज होंगे। वे पूरे अनुशासन के साथ विदिशा से यात्रा शुरू करेंगे। सांची में यात्रा का पहला स्टाप होगा। जो अगले दिन आगे बढ़ेगी।
राकेश तिवारी प्रांतीय प्रवक्ता आजाद अध्यापक शिक्षक संघ मध्यप्रदेश

नव भारत न्यूज

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