मुख्यमंत्री जन-सेवा अभियान में हितग्राहियों को अगले माह से मिलने लगेगा लाभ:शिवराज

छिंदवाड़ा, 09 दिसम्बर (वार्ता) मध्यप्रदेश के मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने कहा कि अधिकारी पूरे समर्पण के साथ सरकारी योजनाओं को नीचे तक पहुँचाये। अब सरकार भोपाल से नहीं, चौपाल से चल रही है। गाँव-गाँव और वार्ड-वार्ड में मुख्यमंत्री जन-सेवा शिविर लगाए गए, जिनमें अधिकारी और जन-प्रतिनिधियों ने पहुँच कर जनता की समस्याओं का समाधान किया और पात्र व्यक्तियों को शासकीय योजनाओं से जोड़ने का काम किया।

श्री चौहान आज छिन्दवाड़ा जिले के बिछुआ में मुख्यमंत्री जन-सेवा अभियान स्वीकृति-पत्र वितरण कार्यक्रम में शामिल हुए। उन्होंने कार्यक्रम स्थल पर ही एक हजार करोड़ रूपये से अधिक के विकास कार्यों का शिलान्यास और लोकार्पण किया। उन्होंने विभिन्न योजनाओं के हितग्राहियों को प्रतीक स्वरूप हितलाभ वितरण भी किया। उन्होंने अधिकारियों से कहा कि यह जनता की अदालत है -आपको यहाँ बेइज्जत करने नहीं जानकारी देने बुलाया जा रहा है। जनता के कार्य तत्परता के साथ समय पर किए जाएँ।

श्री चौहान ने जिले में 15 दिसम्बर से होने वाले अटल खेल महाकुंभ एवं नि:शुल्क स्वास्थ्य शिविर के कार्ड का लोकार्पण भी किया।

मुख्यमंत्री ने कहा कि मुख्यमंत्री जन सेवा अभियान में प्रदेश में लगाए गए शिविरों में विभिन्न 38 शासकीय योजनाओं में 83 लाख नये हितग्राहियों के नाम जोड़े गये है। इन सभी को शिविर लगा कर स्वीकृति-पत्र वितरित किये जा रहे हैं। इन सभी हितग्राहियों को अगले माह से योजना का लाभ मिलना शुरू हो। उन्होंने छिन्दवाड़ा जिले में अभियान की सफलता के लिये जिला प्रशासन सहित सभी की सराहना की। छिन्दवाड़ा जिले में इस अभियान में 5 लाख 11 हजार 164 आवेदन आए, जिनमें 4 लाख 81 हजार 285 स्वीकृत किये गये।

श्री चौहान ने कहा कि प्रदेश की धरती पर माफिया और सत्ता के दलालों को कुचल दिया जाएगा। गरीब का राशन खाने वालों को हथकड़ी लगा कर जेल भेजा जाएगा। जिले के एक ब्लॉक में राशन वितरण में गड़बड़ी की शिकायत पर कलेक्टर को जाँच कर कड़ी कार्यवाही करने के निर्देश दिए।

मुख्यमंत्री ने कहा कि सरकार अच्छा कार्य करने वाले अधिकारी-कर्मचारियों को पुरस्कृत करेगी और लापरवाही तथा गड़बड़ करने वालों को छोड़ेगी नहीं। उन्होंने कार्य में लापरवाही बरतने पर छिन्दवाड़ा के मुख्य नगरपालिका एवं स्वास्थ्य अधिकारी एवं बिछुआ के खण्ड चिकित्सा अधिकारी को तत्काल प्रभाव से निलंबित करने के निर्देश दिए। मुख्यमंत्री ने क्षेत्र के पटवारी, पंचायत सचिव और सी.ई.ओ जनपद पंचायत को अच्छा कार्य करने के लिये बधाई दी।

श्री चौहान ने निर्देश दिए कि जनता की समस्याओं के निराकरण में बिल्कुल विलंब न किया जाये। उन्होंने ग्राम हर्रई में ट्रांसफार्मर विलंब से बदलने पर अप्रसन्नता व्यक्त करते हुए निर्देश दिए कि खराब ट्रांसफार्मर 3 दिन के अंदर बदल दिए जाने चाहिए। मुख्यमंत्री ने कहा कि छिन्दवाड़ा सिंचाई कॉम्पलेक्स में पाईपलाइन डाले बिना अगर भुगतान हुआ, तो मैं छोड़ूगा नहीं।

श्री चौहान ने कहा कि ग्रामों की तरह नगरों के विकास के लिये भी कार्य किया जा रहा है। शीघ्र ही सरपंचों के सम्मेलन की तरह ही नगरीय निकाय के प्रतिनिधियों का राज्य स्तरीय सम्मेलन किया जाएगा। उन्होंने कहा कि छिन्दवाड़ा नगर के विकास के लिये 7 करोड़ रूपये स्वीकृत किये गये हैं।

मुख्यमंत्री ने पेसा एक्ट की जानकारी देते हुए बताया कि यह किसी के खिलाफ नहीं है, सभी के लिये लाभकारी है। अब कोई जनजातीय भाई की जमीन नहीं हड़प पाएगा। यदि गलत तरीके से जमीन हड़प ली गई है तो ग्राम सभा को उसे वापस लेने का अधिकार होगा। उन्होंने तल्ख शब्दों में कहा कि मैं मध्यप्रदेश की धरती पर धर्मांतरण का कुचक्र एवं लव जिहाद नहीं चलने दूँगा। यह लव नहीं केवल जिहाद है।

श्री चौहान ने कहा कि गाँव की खनिज सम्पदा पर गाँव वालों का हक होगा। खदान दिये जाने में पहली प्राथमिकता ग्राम की जनजातीय समिति को, फिर महिला को और फिर पुरूष को दी जाएगी। गौण खनिज पर ग्राम सभा का अधिकार होगा। ग्राम सभा को इनके संग्रह, इनकी बाजार दरें तय करने और विक्रय का अधिकार होगा। उन्होंने छिन्दवाड़ा जिले की 850 ग्राम सभाओं में से 33 ग्राम सभाओं द्वारा गौण खनिज के संग्रहण और विक्रय का कार्य स्वयं किये जाने के निर्णय का स्वागत किया। उन्होंने वन मण्डल अधिकारी को निर्देश कि वे इस कार्य में पूरा सहयोग करें।

श्री चौहान ने कहा कि ग्राम में मनरेगा में कराये जाने वाले कार्य ग्राम सभा तय करेगी। मस्टर रोल ग्राम सभा में रखा जाएगा। गाँव से मजदूर बाहर ले जाने और बाहरी व्यक्ति के ग्राम में आकर रहने की अनुमति ग्राम सभा से लेनी होगी। आँगनवाड़ी, स्कूल, स्वास्थ्य केन्द्र, छात्रावास आदि के संचालन की मॉनिटरिंग भी ग्राम सभा कर सकेगी। मछुआरों को तालाबों के जल प्रबंधन का अधिकार होगा। गाँव के छोटे-मोटे झगड़े अब ग्राम की शांति एवं विवाद निवारण समिति निपटा सकेगी। पुलिस द्वारा की गई एफआईआर की जानकारी ग्राम सभा को देनी होगी।

श्री चौहान ने कहा कि मध्यप्रदेश पहला राज्य है जहाँ बेटियों के प्रति दुराचार करने वालों को फाँसी की सजा का प्रावधान किया गया है। प्रदेश में लाड़ली लक्ष्मी योजना – एक और दो संचालित हैं। प्रसन्नता की बात है कि जिन लाड़लियों को मैंने गोद में खिलाया है वे कॉलेज में प्रवेश ले चुकी है। उनकी कॉलेज की पढ़ाई का खर्च भी शिवराज मामा उठायेगा।

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